डीग कलेक्टर मयंक मनीष ने सोमवार को पूंछरी स्थित जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के गेस्ट हाउस में एक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य पूंछरी क्षेत्र में चल रहे विकास कार्यों, भविष्य की योजनाओं और आगामी मुड़िया पूर्णिमा मेले की तैयारियों की समीक्षा करना था। इसमें सार्वजनिक निर्माण विभाग, पीएचईडी, आरएचए सहित संबंधित विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक के बाद कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूंछरी क्षेत्र में चल रहे सभी निर्माण व विकास कार्यों में तेजी लाई जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि इन कार्यों के क्रियान्वयन में कोई तकनीकी या प्रशासनिक बाधा आ रही है, तो विभिन्न विभाग आपसी समन्वय से उसे तत्काल दूर करें।
इस दौरान, कलेक्टर ने राजस्व विभाग द्वारा किए गए विकास कार्यों के सर्वेक्षण का अवलोकन किया। उन्होंने जल निकासी व्यवस्था से संबंधित नक्शों की विस्तृत जानकारी भी प्राप्त की। बैठक में बताया गया कि नरसिंह जी मंदिर, दाऊजी मंदिर और पूंछरी का लौठा परिसर में विकास कार्य प्रगति पर हैं। जिला कलेक्टर ने ग्राम पूंछरी में पंचायत के अधीन यात्री विश्राम गृह के सुदृढ़ीकरण पर भी चर्चा की। क्षेत्र के भविष्य की रूपरेखा तय करते हुए, उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूंछरी के बुनियादी ढांचे, रखरखाव और सौंदर्यीकरण के लिए अगले 7 से 10 दिनों के भीतर एक विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की जाए। इसका उद्देश्य संपूर्ण परिक्रमा क्षेत्र को और अधिक बेहतर व सुविधायुक्त बनाना है। स्वच्छता और मानसून पूर्व कार्यों की पूर्णता पर जोर
जिला कलेक्टर ने स्वच्छता पर विशेष बल देते हुए समुचित स्थानों पर डस्टबिन रखवाने, उपयुक्त साइनेज लगाने और मूर्तियों की सटीक लोकेशन निर्धारित करने के निर्देश दिए। उन्होंने सार्वजनिक निर्माण विभाग के कनिष्ठ अभियंता सहित सभी निर्माण एजेंसियों को निर्देशित किया कि वे मानसून की बारिश प्रारंभ होने से पूर्व अपने-अपने आवंटित कार्य अनिवार्य रूप से पूर्ण कर लें।
मुड़िया पूर्णिमा मेले की अग्रिम तैयारियां
आगामी मुड़िया पूर्णिमा मेले में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधाओं को दृष्टिगत रखते हुए, जिला कलेक्टर ने पीएचईडी, विकास अधिकारी, जल संसाधन विभाग और विद्युत विभाग को अभी से ही आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि अगली समीक्षा बैठक में मेले को लेकर किए गए कार्यों की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। बैठक के बाद जिला कलेक्टर ने श्रीनाथ जी मंदिर का दौरा किया तथा वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
