लॉयन सफारी के साथ ही शहर के पर्यटन को एक और नई सौगात मिलने वाली है। फतहसागर, पिछोला और दूधतलाई के बाद अब टूरिस्ट गोवर्धन सागर में भी बोटिंग का लुत्फ उठा सकेंगे। यहां पैडल बोट के साथ शिकारा भी चलाए जाएंगे। साथ ही वाटर बैलून और जॉरबिंग रोलर जैसी एक्टिविटी भी होगी। खास बात यह है कि पहली बार शहर की किसी झील में कयाकिंग नाव भी चलेगी। इससे वाटर स्पोर्ट्स का रोमांच ले सकेंगे। दरअसल, गोवर्धनसागर अब तक पर्यटकों से अछूता रहा है। पर्यटन स्थल के नाम पर यहां सिर्फ पन्नाधाय पार्क बना है। लेकिन, इसे देखने के लिए बेहद कम संख्या में पर्यटक पहुंचते हैं। इसी को देखते हुए नगर निगम झील में बोटिंग और वाटर स्पोर्ट्स शुरू करवा रही है। इसके लिए निविदा भी आमंत्रित कर दी गई है। दो से तीन माह में बोटिंग शुरू हो जाएगी। सभी नावें बैट्री से चलेंगी, रेस्क्यू बोट पेट्रोल से गोवर्धन सागर में अधिकतम 20 नावों का संचालन किया जा सकेगा। इनमें 2 सीट की 4 और 4 सीटर 4 पैडल बोट होंगी। इसके साथ ही 6 सीटर शिकारा भी चलेगी। इनके साथ 1 वाटर बैलून, 1 जॉरबिंग रोलर, एक सीटर 2 कयाकिंग और 2 सीटर 2 कयाकिंग नावें होंगी। साथ ही 10 सीटर एक लग्जरी बोट और 30 व 20 सीटर की 1-1 साधारण बोट चलाई जाएंगी। सभी नावें बैट्री से चलाई जाएंगी। घूमने का समय 20 मिनट रहेगा। सुरक्षा के लिए एक रेस्क्यू बोट भी तैनात की जाएगी। यह पेट्रोल से चलेगी। इसके साथ दो गोताखोर तैनात रहेंगे। डाइविंग सूट और लाइफ जैकेट भी रखना होगा। झील में ही जेटी और बाहर टिकट काउंटर बनेगा। 23 दिसंबर को खुलेगा टेंडर, वर्कऑर्डर होते ही शुरू होगा जेटी-काउंटर का काम
निगम ने गत 9 दिसंबर को टेंडर आमंत्रित किया था। टेंडर 23 दिसंबर को खोले जाएंगे। अवधि 3 साल रहेगी। पहले साल 20 लाख राशि तय है। टेंडर रेट से इसमें बढ़ोतरी-कमी भी हो सकती है। हर साल 10% बढ़ोतरी होगी। वर्कऑर्डर के बाद जेटी और टिकट काउंटर निर्माण शुरू होगा। बता दें कि अभी पिछोला में 16, फतहसागर में 7 और दूधतलाई में 10 पेडल बोट, 4 शिकारा चल रहे हैं। पन्नाधाय पार्क और म्यूजियम बने हैं, बोटिंग से बढ़ेंगे पर्यटक गोवर्धन सागर पिछोला से सटी झील है। इसमें अब तक सिर्फ मछली पकड़ने के ठेके दिए जा रहे थे। यहां रोजाना 50-100 पर्यटक ही पहुंचते हैं। झील किनारे ही पन्नाधाय पार्क और जहाजनुमा पन्नाधाय दीर्घा म्यूजियम है। नीचे वाले हिस्से में मेवाड़ की पन्नाधाय के बलिदान को दर्शाया गया है। यहां उनकी वीर गाथा से जुड़ी 20 मिनट की फिल्म भी दिखाई जाती है। इसके ठीक ऊपर रेस्टोरेंट भी है। बोटिंग शुरू होने के बाद यहां पर्यटकों की संख्या में इजाफा होगा।