बाड़मेर में सहकारिता विभाग के डिप्टी रजिस्ट्रार जगदीश कुमार सुथार को सरकार ने सस्पेंड (निलंबित) कर दिया है। जोधपुर संभाग के एडिशनल रजिस्ट्रार देवेंद्र अमरावत ने इस संबंध में आदेश जारी किए हैं। यह कार्रवाई सुथार की गिरफ्तारी के बाद नियमों के तहत की गई है। क्या है पूरा मामला जगदीश कुमार सुथार के खिलाफ जैसलमेर के सम थाने में धोखाधड़ी (धारा 420), अमानत में खयानत (धारा 409) और साजिश रचने (धारा 120-बी) का केस दर्ज था। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए उन्हें 17 अप्रैल 2026 को गिरफ्तार कर लिया था। नियम कहता है कि अगर कोई सरकारी कर्मचारी 48 घंटे से ज्यादा जेल या पुलिस की कैद में रहता है, तो उसे नौकरी से सस्पेंड मान लिया जाता है। वैकल्पिक व्यवस्था और आगामी जांच उप रजिस्ट्रार का पद रिक्त होने के कारण विभाग ने कार्य सुचारू रूप से चलाने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था की है। रजिस्ट्रार सहकारी समितियां, राजस्थान के निर्देशों की अनुपालना में, बाड़मेर के उप रजिस्ट्रार पद का अतिरिक्त कार्यभार ‘विशेष लेखा परीक्षक’ (सहकारी समितियां, बाड़मेर) को सौंपा गया है। उन्हें तत्काल कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि विभागीय कार्य प्रभावित न हों। निलंबन काल के दौरान जगदीश कुमार सुथार का मुख्यालय अतिरिक्त रजिस्ट्रार कार्यालय, जोधपुर खंड रहेगा। उन्हें इस अवधि के दौरान नियमानुसार निर्वाह भत्ता देय होगा, बशर्ते वे अपना उपस्थिति प्रमाण पत्र प्रस्तुत करें। इस आदेश की प्रतिलिपि राजस्थान के रजिस्ट्रार, बाड़मेर केंद्रीय सहकारी बैंक और संबंधित विभागों को सूचना एवं आवश्यक कार्रवाई हेतु भेज दी गई है। अब कौन संभालेगा काम डिप्टी रजिस्ट्रार का पद खाली होने के कारण बाड़मेर में विभाग का काम न रुके, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था की गई है। अब बाड़मेर के ही ‘विशेष लेखा परीक्षक’ को डिप्टी रजिस्ट्रार का एक्स्ट्रा चार्ज दिया गया है। उन्हें आदेश दिए गए हैं कि वे तुरंत अपना नया कार्यभार संभालें। सस्पेंशन के दौरान जगदीश कुमार सुथार का हेड ऑफिस (मुख्यालय) जोधपुर रहेगा। उन्हें इस दौरान नियमानुसार केवल गुजारा भत्ता ही दिया जाएगा। विभाग ने इस आदेश की जानकारी जयपुर हेड ऑफिस और बाड़मेर कोऑपरेटिव बैंक को भी भेज दी है।
