जालंधर के नूरमहल के चीमा कलां गांव में कूड़े के ढेर की सफाई को लेकर हुए विवाद में सरपंच के पति सुरजीत सिंह पर हमला किया गया। इस दौरान गर्दन में लगी चोट। उनकी पगड़ी उतारने और ‘सिरी साहिब’ का अपमान करने का आरोप है। सुरजीत सिंह को चोटें आने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सुरजीत सिंह के अनुसार, वे पूर्व सरपंच दयाल के साथ घटना स्थल पर मौजूद थे। सफाई पर बातचीत के दौरान नवदीप नामक व्यक्ति ने उन पर हमला कर दिया। सुरजीत सिंह ने बताया कि हमलावर ने उनकी पगड़ी उतारी और जब वे स्थिति संभालने की कोशिश कर रहे थे, तो उनके ‘सिरी साहिब’ का भी अपमान किया। घटना सीसीटीवी में कैद यह पूरी घटना आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई है। सुरजीत सिंह का आरोप है कि घटना के तुरंत बाद जब वे पुलिस थाने पहुंचे, तो उनकी बात नहीं सुनी गई। उन्होंने बताया कि आम आदमी पार्टी के स्थानीय नेता और थाने के अधिकारी चार घंटे तक उन पर समझौता करने का दबाव डालते रहे। गर्दन में लगी चोट हमले में मुक्कों की चोट से उनकी गर्दन में सूजन आ गई, जिसके कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती होना पड़ा। सुरजीत सिंह ने कहा कि एक तरफ भगवंत मान सरकार बेअदबी के खिलाफ कानून बना रही है, वहीं दूसरी तरफ आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ता ऐसी घटनाओं को अंजाम देने वालों का पक्ष ले रहे हैं। उन्होंने पंजाब की सिख संगत और निहंग सिंह संगठनों से इस घटना में न्याय दिलाने की अपील की है। अरोपों से किया इनकार जब इस संबंध में आरोपी नवनीत सिंह पहलवान से बात की गई, तो उन्होंने सभी आरोपों को बेबुनियाद बताया। नवनीत सिंह ने कहा कि वह स्वयं सिख धर्म से ताल्लुक रखते हैं और ऐसी किसी भी हरकत के बारे में सोच भी नहीं सकते। पुलिस ने किसी प्रकार दबाव से किया इनकार नूरमहल पुलिस थाने के प्रमुख बलजिंदर सिंह ने समझौते के लिए दबाव डालने के आरोप से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि पीड़ित पक्षों के बयान दर्ज किए जाएंगे और यदि पगड़ी से संबंधित कोई बात सामने आती है, तो उसके अनुसार उचित कानूनी कार्रवाई की जाएगी।