लुधियाना जिले के जगराओं में एशिया की दूसरी सबसे बड़ी अनाज मंडी में गेहूं की लिफ्टिंग एक गंभीर समस्या बन गई है। पंजाब सरकार की केवल तीन खरीद एजेंसियों के सक्रिय होने के कारण खरीदे गए गेहूं का उठान नहीं हो पा रहा है। स्थिति की गंभीरता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि पनग्रेन ने हजारों बोरी गेहूं की लिफ्टिंग के लिए केवल दो गाड़ियां भेजीं। भारतीय खाद्य निगम (FCI) और पनसुप (PUNSUP) जैसी प्रमुख एजेंसियां विभिन्न कारणों से मंडी से अनुपस्थित हैं। वर्तमान में पनग्रेन, वेयरहाउस और मार्कफेड ही खरीद कार्य कर रहे हैं।
मजदूर यूनियन ने विरोध प्रदर्शन किया खरीदे गए और बोरियों में भरे गेहूं की लिफ्टिंग न होने से मंडी में नए ढेर उतारने की जगह नहीं बची है। इस स्थिति के कारण गल्ला मजदूरों के बीच भी तनाव और झगड़े की स्थिति बन रही है।लिफ्टिंग में तेजी लाने की मांग को लेकर गल्ला मजदूर यूनियन ने विरोध प्रदर्शन किया। मंडियों में मजदूर परेशान यूनियन के प्रधान देव राज ने बताया कि नियमों के अनुसार गेहूं की लिफ्टिंग 72 घंटे के भीतर हो जानी चाहिए। हालांकि, खरीद एजेंसियों के अधिकारियों और ठेकेदारों की विफलता के कारण मजदूरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बोरियों की सुरक्षा और चोरी का डर बनी चिंता का विषय देव राज ने आगे कहा कि तेज धूप में बोरियों में पड़े गेहूं का वजन कम हो जाता है, जिससे मजदूरों को आर्थिक नुकसान होता है। बारिश होने पर बोरियों में नमी बढ़ जाती है, जिसका खामियाजा भी मजदूरों को भुगतना पड़ता है। लंबे समय तक मंडी में पड़ी बोरियों की सुरक्षा और चोरी का डर भी मजदूरों के लिए एक बड़ी चिंता का विषय है। मंडियों में पानी और रोशनी की व्यवस्था नहीं मजदूर नेताओं ने आरोप लगाया कि मार्केट कमेटी की ओर से मंडियों में कोई चौकीदार या सुरक्षा व्यवस्था नहीं है। उनका कहना है कि कच्ची मंडियों में सफाई, पानी और रोशनी की व्यवस्था भी बेहद खराब है, जहां सारा काम खुले आसमान के नीचे होता है, जिससे किसी भी समय दुर्घटना का खतरा बना रहता है। किसान यूनियन ने जताई चिंता भारतीय किसान यूनियन एकता डकौंदा के जिला अध्यक्ष जगतार सिंह देहड़का ने भी मजदूरों की इन समस्याओं पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने सरकार से मांग की कि तुरंत लिफ्टिंग व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए और लिफ्टिंग उठाने का उचित प्रबंध किया जाए, ताकि किसानों और मजदूरों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। पूर्व विधायक ने किया दौरा वही दूसरी और शिरोमणि अकाली दल के हलका इंचार्ज और पूर्व विधायक एस.आर. कलेर ने अपने साथियों के साथ जगराओं मेन अनाज मंडी का दौरा कर वहां के हालात का जायजा लिया। दौरे के दौरान किसानों ने उन्हें मंडी में खरीद, लिफ्टिंग, लोडिंग और पेमेंट में आ रही गंभीर दिक्कतों से अवगत कराया। लिफ्टिंग के पुख्ता इंतजाम की मांग इस मौके पर पूर्व विधायक कलेर ने कहा कि जगराओं मेन अनाज मंडी में लिफ्टिंग न होने के कारण गेहूं की बोरियों के ढेर लगते जा रहे हैं, जिससे किसानों को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को तुरंत प्रभाव से लिफ्टिंग का पुख्ता इंतजाम करना चाहिए। मंडियों में लापरवाही से किसानों की बढ़ी मुश्किलें कलेर ने कहा कि प्रशासन की जिम्मेदारी है कि मंडियों में किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत न आए। उन्होंने कहा कि पिछले दो-तीन सीजन से फसल कम होने के कारण किसानों की आर्थिक स्थिति पहले ही कमजोर है, ऐसे में मंडियों में हो रही लापरवाही किसानों की मुश्किलें और बढ़ा रही है।
