भरतपुर जिले के नदबई निवासी मोहित अग्रवाल ने UPSC परीक्षा में 281वीं रैंक हासिल कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उनकी सफलता से परिवार और क्षेत्र में खुशी का माहौल है। IES में ऑल इंडिया पहली रैंक
मोहित (29) ने बताया कि वह वर्तमान में दिल्ली में इंडियन इकोनॉमिक सर्विस (IES) की ट्रेनिंग कर रहे हैं। उन्होंने इंडियन इकोनॉमिक सर्विस परीक्षा में ऑल इंडिया पहली रैंक हासिल की थी। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और बहन को दिया। इंटरव्यू में पूछे गए विभिन्न सवाल
मोहित ने बताया कि UPSC के इंटरव्यू में अलग-अलग विषयों से जुड़े सवाल पूछे जाते हैं। उनके इंटरव्यू में माइनिंग इंजीनियरिंग, इकोनॉमिक्स, एडमिनिस्ट्रेशन और गवर्नेंस से संबंधित प्रश्न पूछे गए।
उन्होंने बताया कि उनसे पूछा गया कि रुपये का अवमूल्यन क्यों हो रहा है और इस पर RBI क्या कदम उठा रहा है। इसके अलावा उनसे तहसीलदार के रूप में किए गए कार्य और अनुभव के बारे में भी सवाल किए गए। कॉलेज में ही तय कर लिया था लक्ष्य
मोहित ने बताया कि उन्होंने कॉलेज के समय ही तय कर लिया था कि उन्हें सिविल सर्विस में जाना है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए उन्होंने खुद पढ़ाई की और कोचिंग का भी सहारा लिया। इस दौरान उनके माता-पिता ने उन्हें पूरा समर्थन दिया। मां रह चुकी हैं पार्षद
मोहित के पिता देवेंद्र गोयल बरौली रान गांव में वाइस प्रिंसिपल हैं, जबकि उनकी मां मंजू गोयल गृहिणी हैं और नदबई नगरपालिका से एक बार पार्षद भी रह चुकी हैं। उनकी बहन जापान में वैज्ञानिक के रूप में कार्यरत हैं। IIT से की पढ़ाई
मोहित ने 12वीं तक की पढ़ाई नदबई के टैगोर स्कूल से की। इसके बाद उन्होंने धनबाद से IIT से माइनिंग इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी की। साल 2018 में इंजीनियरिंग पूरी करने के बाद उन्होंने 2022 में इग्नू से एमए भी किया। पांचवें प्रयास में मिली सफलता
मोहित साल 2021 में तहसीलदार बने थे। इसके अलावा वह 2018 से 2019 तक पुर्तगाल में माइनिंग इंजीनियर के रूप में भी काम कर चुके हैं। यह उनका पांचवां प्रयास था, जिसमें उन्होंने UPSC परीक्षा में सफलता हासिल की।
