पीडब्ल्यूडी फील्ड एंड वर्कशॉप वर्कर्स यूनियन जिला पठानकोट/गुरदासपुर की कार्यकारिणी बैठक ब्रांच प्रधान प्रेम कुमार की अध्यक्षता में हुई। इसमें जिला प्रधान सतनाम सिंह विशेष रूप से शामिल हुए। बैठक में पंजाब सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ रोष व्यक्त किया गया।
इस अवसर पर जिला प्रधान सतनाम सिंह, महासचिव राजेंद्र कुमार, चेयरमैन हरपाल सिंह, महेंद्र पाल वित सचिव, सरपरस्त नेक राज, सर्वजीत सिंह तिबड़ी और सतनाम सिंह ने संयुक्त रूप से बताया कि जल स्रोत विभाग, गुरदासपुर मंडल के कर्मचारियों को अभी तक मार्च महीने का वेतन नहीं मिला है। उन्होंने प्रमुख सचिव, सिंचाई विभाग द्वारा माधोपुर और गुरदासपुर के कर्मचारियों के तबादलों पर भी विरोध जताया। दिव्यांग कर्मचारियों के भी कर दिए तबादले पदाधिकारियों ने कहा कि हाल ही में आई बाढ़ के कारण माधोपुर और गुरदासपुर में काफी नुकसान हुआ था। कर्मचारियों की कमी के बावजूद यहां से कर्मचारियों का तबादला किया गया है, जिसमें दिव्यांग कर्मचारी भी शामिल हैं। इससे कर्मचारियों में नाराजगी है। उन्होंने उच्च अधिकारियों से इन तबादलों को रद्द करने की मांग की। मुख्यमंत्री ने समय देकर भी नहीं की बैठक
यूनियन ने यह भी बताया कि मुख्यमंत्री पंजाब कर्मचारी पेंशनर संयुक्त फ्रंट को कई बार समय देने के बावजूद बैठक नहीं की गई है। सरकार कर्मचारियों और पेंशनरों के मसलों को हल नहीं कर रही है, जिससे उनमें भारी रोष है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की तर्ज पर 58% महंगाई भत्ता (डीए) दिया जाए, जबकि पंजाब के कर्मचारियों को अभी 42% डीए मिल रहा है। मांगों के पूरा होने के इंतजार मे दुनिया छोड़ गए कई कर्मचारी
यूनियन ने वाटर सप्लाई सैनिटेशन विभाग के 95 मृतक कर्मचारियों के आश्रितों को अभी तक नौकरी न दिए जाने का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने मांग की कि पे कमीशन का बकाया एक किस्त में दिया जाए, क्योंकि कई पेंशनर इसका इंतजार करते हुए दुनिया छोड़ चुके हैं।
