बीकानेर में PBM अस्पताल में एक और प्रसूता की किडनी खराब होने के चलते ICU में एडमिट किया गया है। अब कुल 4 महिलाएं ICU में हैं और 2 को वेंटिलेटर पर रखा गया है। कार्यवाहक अधीक्षक डॉ परमेन्द्र सिरोही ने बताया- 8 जून को कमला पत्नी मेघराज की डिलीवरी हुई थी, इसी के बाद से उसकी तबीयत खराब थी। महिला को आईसीयू में शिफ्ट किया है और उसके तीन डायलिसिस हो गए हैं। उसकी भी किडनी खराब होने की जानकारी है। इधर, 2 प्रसूताओं की आंखों की रोशनी जाने के मामले में कार्यवाहक अधीक्षक डॉ. परमेन्द्र सिरोही ने बताया- दोनों महिलाएं अचेत हैं ऐसे में ये कहना मुश्किल है कि दोनों को दिखाई नहीं दे रहा है। वहीं मामले में वेंटिलेटर पर भर्ती प्रीति के पति कमल ने कहा- हमें डॉक्टर ने आंखों की रोशनी जाने के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। मंत्री आए थे वो कह कर गए हैं। डॉक्टरों की तरफ से ऐसी कोई जानकारी हमें नहीं मिली। जब यहां लाए थे तब आंखें ठीक थी। अभी रोशनी जाने की कोई जानकारी नहीं है। इन महिलाओं की बिगड़ी तबीयत तारा देवी (27) : एक्यूट किडनी इंजरी (AKI), खून की कमी, फेफड़ों के बाहर पानी भरना, पोटेशियम का स्तर बढ़ना। राहिला (19): डिलीवरी के बाद ब्लीडिंग, प्लेटलेट्स कम होना, इन्फेक्शन, एक्यूट किडनी इंजरी, मल्टीपल ऑर्गन डिस्फंक्शन। इमरती (20): मल्टीपल ऑर्गन डिस्फंक्शन, खून में गंभीर इन्फेक्शन, एक्यूट किडनी इंजरी। कमला: डिलीवरी के बाद से आईसीयू में एडमिट, 3 बार डायलिसिस हो चुके वेंटिलेटर पर 2 प्रसूताएं प्रीति (20): हाई बीपी के कारण डिलीवरी के बाद दौरे पड़ना, फेफड़ों में समस्या, एक्यूट किडनी इंजरी, हेल्प सिंड्रोम का संदेह, खून की कमी और ऑक्सीजन की कमी से दिमाग पर असर होने की आशंका। शारदा (26): एक्यूट किडनी इंजरी, प्लेटलेट्स की समस्या, शरीर में खून के थक्के नहीं बनना। आंखों की रोशनी जाने की बात सामने आई जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को आईसीयू में भर्ती श्रीरामसर निवासी शारदा की आंखों की रोशनी जाने की बात सामने आई थी। सिजेरियन डिलीवरी के बाद उसकी तबीयत लगातार बिगड़ती गई और अब वह मल्टी ऑर्गन फेलियर जैसी गंभीर स्थिति से जूझ रही है। शारदा को 3 जून को जनाना अस्पताल में भर्ती कराया गया था। 4 जून को उसकी सिजेरियन डिलीवरी हुई, लेकिन ऑपरेशन के करीब 2 घंटे बाद ही उसकी तबीयत बिगड़ने लगी। हालत गंभीर होने पर 5 जून की सुबह उसे आईसीयू में शिफ्ट किया गया। किडनी फेल होने के बाद कई अंगों ने छोड़ा काम आईसीयू में भर्ती करने के बाद हुई जांच में शारदा के मल्टी ऑर्गन फेलियर की स्थिति सामने आई। चिकित्सकीय सूत्रों के अनुसार वह हेल्प (HELLP) सिंड्रोम की चपेट में आ गई है। इसी दौरान उसकी आंखों की रोशनी भी चली गई और उसे दिखाई देना बंद हो गया। स्वास्थ्य बिगड़ने के साथ उसे सांस लेने में भी परेशानी होने लगी। पहले उसे बाइपैप मशीन पर रखा गया, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं होने पर वेंटिलेटर सपोर्ट देना पड़ा। चिकित्सा मंत्री ने बताया था डेंजर जोन से बाहर गुरुवार को बीकानेर दौरे पर आए चिकित्सा मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर ने अस्पताल में चिकित्सकों के साथ बैठक के बाद जारी हेल्थ बुलेटिन में शारदा को डेंजर जोन से बाहर बताया था। हालांकि अब उसकी आंखों की रोशनी जाने और मल्टी ऑर्गन फेलियर की जानकारी सामने आने से मामले ने नया मोड़ ले लिया है। प्रीति की हालत भी गंभीर इससे पहले सूरतगढ़ निवासी प्रीति की आंखों की रोशनी जाने की जानकारी भी सामने आ चुकी है। प्रीति फिलहाल वेंटिलेटर पर भर्ती है और उसकी हालत अब भी गंभीर बनी हुई है। दोनों महिलाओं की स्थिति को देखते हुए पीबीएम अस्पताल में प्रसूताओं की किडनी फेल होने के मामले को लेकर चिंता और बढ़ गई है। जांच रिपोर्ट का इंतजार डिलीवरी के बाद महिलाओं की किडनी फेल होने और गंभीर जटिलताएं सामने आने के मामले में स्वास्थ्य विभाग और विशेषज्ञ समितियां जांच कर रही हैं। अब तक इन घटनाओं के कारणों को लेकर कोई आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है। जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। PBM मामले से जुड़ी ये खबर भी पढ़ें… कांग्रेस कार्यकर्ताओं को दौड़ा-दौड़ाकर पीटा, महिलाओं से धक्का-मुक्की:यूथ कांग्रेस जिलाध्यक्ष को पुलिस ने सड़क पर गिराया, चिकित्सा मंत्री का कर रहे थे विरोध सरकारी हॉस्पिटल में डिलीवरी, 6 महिलाओं की किडनी फेल:बीकानेर के PBM अस्पताल में लापरवाही, एक मरीज वेंटिलेटर पर; अधीक्षक बोले- जांच कमेटी बनाई बाजार से मंगवाकर लगाए ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन:प्रसूताओं की किडनी फेल होती रही, हॉस्पिटल प्रशासन ने नहीं दिया ध्यान, 7 दिन बाद बनाई कमेटी प्रसूताओं की किडनी फेल मामले में डॉक्टर्स को क्लीन चिट!:जांच टीम ने इलाज में लापरवाही नहीं मानी; ऑक्सीटोसिन इंजेक्शन का रिकॉर्ड लिया कांग्रेस-पुलिसकर्मियों में धक्का-मुक्की, पूर्व सभापति ने उतारा शर्ट:सर्किट हाउस के गेट पर चिपकाया ज्ञापन, चूड़ियां रखीं