राजस्थान में आज मकर संक्रांति पर्व पर सुबह से मंदिरों में भीड़ है। एकादशी वाले विशेष संयोग के साथ आज का पर्व काफी खास है। जयपुर में भगवान गोविंद देवजी को सोने की पतंग चढ़ाई गई है। परकोटे वाले गणेशजी के मंदिर में भी पतंगों से सजावट की गई है। गलता तीर्थ में श्रद्धालु सुबह से ही डुबकी लगा रहे हैं। वहीं, टोंक में परंपरानुसार आज 80 किलो की फुटबाल से खेल होगा। इसे देखने 12 गांवों के हजारों लोग पहुंचेंगे। पतंगबाजों के लिए भी आज सबसे बड़ा दिन है। सुबह से ही जयपुर के परकोटे से दूसरे इलाकों में छत्तों पर म्यूजिक बजने लगा है। पतंगबाजों ने पंतगें लंबी कर ली हैं। हालांकि, आर्मी डे परेड की तैयारियों के चलते 5KM में नो काइट जोन रहेगा। वहीं, मौसम विभाग के अनुसार सुबह 11 बजे हवा की स्पीड भी कम रहेगी। इससे पतंग उड़ाने वालों को परेशानी हो सकती है। मकर संक्रांति पर राजस्थान में कहां क्या हो रहा है? जयपुर: गोविंद देवजी मंदिर में भी सुबह मंगला आरती के साथ ही लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। ठाकुरजी का विशेष श्रृंगार किया गया है। ठाकुरजी के हाथों में सोने की पतंग और राधा रानी के हाथों में चांदी की चरखी सजाई गई है। परकोटा स्थित गणेश मंदिर में भी कई धार्मिक आयोजन किए जा रहे हैं। सुबह भगवान गणेश को औषधीय, केवड़ा और गुलाब जल से स्नान कराया गया। टोंक: जिले के आवां कस्बे में 80 किलो वजनी फुटबॉल की तरह दड़े से फुटबॉल खेली जाएगी। इस खेल के रिजल्ट के पीछे भी एक अकाल – सुकाल की परंपरा जुड़ी हुई है। खेलते – खेलते यह आवां अखनियां दरवाजा की ओर चला जाता है तो प्रदेश में अकाल पड़ेगा और यह दड़ा दूनी दरवाजा की ओर चला जाता है तो सुकाल के संकेत मिलते हैं। हवा की स्पीड कम रहने की आशंका मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया- 14 जनवरी के दिन हवा की स्थिति सुबह 10-11 बजे तक कमजोर रहने का अनुमान है। यानी हवा की गति 4 किलोमीटर प्रतिघंटा से भी कम रहने की संभावना है, जो पतंगबाजी के लिए ठीक नहीं है। दोपहर में 11-12 बजे के बाद हवा की रफ्तार में थोड़ी बढ़ोतरी होने का अनुमान है। इस दौरान उत्तर से हवा आनी शुरू होगी। इसकी रफ्तार 4 से 8 किलोमीटर प्रतिघंटा तक रहने का अनुमान है। जबकि दोपहर 3 बजे बाद से हवा की दिशा में थोड़ा बदलाव होने की संभावना है। ये पश्चिम दिशा से चलकर पूर्व की तरफ रहने का अनुमान है।