MLA फंड के काम में कमीशन मांगने वाले बीजेपी विधायक रेवंतराम डांगा केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत से मिलकर रो पड़े थे। शेखावत ने कहा- मैंने उनको (रेवंतराम डांगा) कठोरता के साथ कहा कि आपके आचरण और व्यवहार से पार्टी को नुकसान हुआ है। उन्होंने स्वीकार भी किया कि इस प्रकरण से पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचा है। विधायक ने यह माना कि चाहे यह कृत्य जानबूझकर नहीं किया गया हो या फिर भोलेपन में हुआ हो, लेकिन इसका असर पार्टी पर पड़ा है। केंद्रीय मंत्री ने कहा- इसके कारण वे (रेवंतराम डांगा) व्यथित भी हुए। उनकी आंखों में आंसू भी आ गए। यह स्थिति दर्शाती है कि विधायक को अपने व्यवहार और उसके परिणाम का एहसास हुआ है। केंद्रीय मंत्री शुक्रवार को बीकानेर के दौरे पर थे। मीडिया से बातचीत में शेखावत ने कहा- दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति यह है कि अब विधायक की आंखों में आए पानी को लेकर भी राजनीति की जा रही है। उन्होंने संकेत दिया कि पूरे मामले को जरूरत से ज्यादा राजनीतिक रंग देने की कोशिश हो रही है। शेखावत के घर से आंसू पोंछते हुए निकले थे डांगा
दरअसल, 21 दिसंबर को रेवंतराम डांगा केंद्रीय मंत्री शेखावत से मिलने जोधपुर में उनके घर गए थे। उस वक्त उन्होंने पूरे मामले में सफाई दी थी। जब वे शेखावत के घर से निकले थे, तो उन्हें रोते हुए देखा गया था। उनकी आंखों में पानी था। कई प्रत्यक्षदर्शियों ने उस दिन डांगा को शेखावत के घर से आंसू पोंछते हुए निकलते देखा था। इसे लेकर सियासी हलकों में काफी चर्चाएं हुई थी। उनके वीडियो भी बनाए गए थे। 14 दिसंबर को दैनिक भास्कर ने किया था खुलासा
विधायक निधि में भ्रष्टाचार पर दैनिक भास्कर ने 14 दिसंबर को खुलासा किया था। विकास कार्यों की अनुशंसा करने के नाम पर विधायक 40% तक कमीशन ले रहे हैं। इसे उजागर करने के लिए भास्कर रिपोर्टर ने एक डमी फर्म का प्रोपराइटर बनकर विधायकों से संपर्क किया था। उन्हें बताया था कि ये फर्म खादी ग्रामोद्योग बोर्ड से संबद्ध है और विधायक निधि से स्कूलों में दरी फर्श (कारपेट) सप्लाई करती है। बिना यह जाने कि इसकी कीमत कितनी है और इनकी स्कूलों में जरूरत है या नहीं, विधायक अनुशंसा करने को तैयार हो गए थे। उनका सिर्फ एक ही सवाल पर फोकस रहा– हमें कितना प्रतिशत मिलेगा? डांगा ने मांगा था 40 प्रतिशत कमीशन
खींवसर (नागौर) से भाजपा विधायक रेवंतराम डांगा, हिंडौन (करौली) से कांग्रेस की अनीता जाटव और बयाना (भरतपुर) से निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत से डील की थी। बीजेपी विधायक डांगा बोले थे- 40% दो, 50 लाख का काम दूंगा। अनीता जाटव ने 50 हजार लिए और 80 लाख का लेटर दे दिया था। इधर, ऋतु बनावत के पति ने 40 लाख की डील फाइनल कर दी थी। डांगा और अनीता ने तो जिला परिषद के सीईओ के नाम अनुशंसा-पत्र भी दे दिया था। राजस्थान में प्रत्येक विधायक को विधानसभा सदस्य स्थानीय क्षेत्र विकास योजना के अंतर्गत सालाना 5 करोड़ रुपए मिलते हैं। भास्कर के खुलासे के बाद भजनलाल सरकार ने विधायक कोष से अनुशंसा करने के नाम पर कमीशन मांगने वाले तीनों विधायकों के एमएलए लैड खाते सीज कर दिए। बेगुनाही के सबूत पेश नहीं कर पाए थे
कमीशन मांगने वाले तीनों विधायकों से सदाचार कमेटी ने 19 दिसंबर को विधानसभा में वन-टू-वन पूछताछ की थी। तीनों विधायकों से विधानसभा की सदाचार कमेटी ने कमीशन मांगने से जुड़े सवाल किए थे। तीनों ही उस दिन बेगुनाही के सबूत नहीं दे पाए थे। तीनों ने सबूत पेश करने के लिए समय मांगा था। रेवंतराम ने 15, अनीता ने 7 और ऋतु ने 10 दिन का समय मांगा था, जिसे कमेटी ने मंजूर कर लिया था। अब सदाचार कमेटी ने तीनों विधायकों को अलग-अलग दिन पूछताछ के लिए बुलाने की बजाय एक ही दिन 6 जनवरी को तलब किया है। …………….. विधायकों के कमीशन मांगने से जुड़ी ये खबरें भी पढ़िए… कमीशन मांगने वाले 3 विधायकों को फिर नोटिस दिया:कमेटी के सभापति बोले-सबूत देने होंगे; रिश्वत केस में BAP MLA से भी होंगे सवाल एमएलए फंड में कमीशन मांगने वाले तीनों विधायकों को विधानसभा की सदाचार कमेटी ने फिर पूछताछ के लिए बुलाया है। पूरी खबर पढ़िए कमीशन-मांगने वाले विधायक डांगा के जवाब से भाजपा संतुष्ट नहीं:मदन राठौड़ बोले- हमने मामला अनुशासन समिति को सौंपा, तथ्यों पर जांच करेगी विधायक फंड में कमीशन मांगने के मामले में खींवसर से विधायक रेवंतराम डांगा के जवाब से पार्टी संतुष्ट नहीं है। यह जानकारी शनिवार को जयपुर में बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने दी। पूरी खबर पढ़िए 3 विधायक कमीशन की डील करते कैमरे में कैद, कांग्रेस की अनीता ने 50,000 लिए, बीजेपी के डांगा बोले-40% दो; निर्दलीय ऋतु से 40 लाख की डील विधायक निधि में भ्रष्टाचार पर भास्कर पहली बार अब तक का सबसे बड़ा खुलासा कर रहा है। इसमें विकास कार्यों की अनुशंसा करने के नाम पर विधायक 40% कमीशन ले रहे हैं। (पूरी खबर पढ़ें…)
