जयपुर | प्रदेश की बार काउंसिल ऑफ राजस्थान (बीसीआर) के चुनाव 12 मार्च 2026 को होंगे। बीसीआई ने चुनाव फीस 10 हजार रुपए से बढ़ाकर सवा लाख कर दी है, लेकिन इससे चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशियों पर कोई असर नहीं है। बीसीआर सूत्रों के अनुसार इस चुनाव में भी 25 पदों के लिए 150 से ज्यादा प्रत्याशी चुनाव लड़ रहे हैं। आगामी महीनों में इनकी संख्या और बढ़ने की संभावना है। सुप्रीम कोर्ट ने देश के 16 राज्यों में होने वाले राज्यों की बार काउंसिल के चुनाव पांच चरणों में करवाने का संशोधित शेड्यूल तय किया था। इसके अनुसार राज्य की बार काउंसिल के चुनाव 31 जनवरी 2026 से 30 अप्रैल 2026 तक होंगे। राजस्थान में बीसीआर चुनाव 12 मार्च को होंगे। बीसीआर में 1.25 लाख वकीलों का रजिस्ट्रेशन है। इनमें से करीब 80 हजार वकीलों के मतदान की संभावना है। बीसीआई चेयरमैन भुवनेश शर्मा का कहना है कि चुनाव सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार निष्पक्षता से करवाए जाएंगे। 2018 में 50,748 मतदाता थे, अब सवा लाख: बीसीआर के मार्च 2018 में हुए चुनाव में 50,748 वकील मतदाता थे। इन चुनावों में बीसीआर सदस्य के 25 पदों के लिए 159 प्रत्याशी मैदान में थे। इनमें से जयपुर के 68 प्रत्याशियों ने चुनाव लड़ा था। गौरतलब है कि एडवोकेट एक्ट लागू होने के बाद 57 साल पहले 1961 में बीसीआर का गठन हुआ और हस्तीमल पारेख को बीसीआर का पहला चेयरमैन नियुक्त किया गया था। फीस 1.25 लाख रुपए को चुनौती देने के मामले में सुनवाई 9 को: बीसीआई की 25 सितंबर 2025 की नोटिफिकेशन के जरिए प्रदेश में बीसीआर चुनाव फीस 10 हजार रुपए से बढ़ाकर 1.25 लाख रुपए करने के मामले में हाई कोर्ट में सुनवाई 9 दिसंबर को होगी। बीसीआर चुनाव फीस बढ़ोतरी को राजस्थान हाई कोर्ट के पूर्व अध्यक्ष प्रहलाद शर्मा ने चुनौती दी है।
