पत्थर हटाने की बात पर एक पक्ष के 19 लोगों ने दूसरे पक्ष पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस दौरान पहले पक्ष के लोगों ने 55 साल की बुजुर्ग महिला के सिर में फरसा मार दिया। लहूलुहान हालत में महिला वहीं गिर पड़ी। इसके बाद उसे जयपुर रेफर किया गया जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। FIR में मृतका के बेटे का आरोप है कि आरोपी पक्ष ने झगड़े के दौरान पूरे परिवार को खत्म करने की बात कही और हमला कर दिया। महिलाओं को भी नहीं छोड़ा। मामला डीग जिले के कामां थाना इलाके के बझेरा गांव का रविवार शाम 7 बजे का है। महिला की मौत जयपुर में सोमवार सुबह हुई। आरोपी पक्ष के सभी लोग फरार हैं, जिन्हें पुलिस तलाश रही है। गांव में अनहोनी को देखते हुए पुलिस जाब्ता लगवाया गया है। कामां थाने के ASI जयप्रकाश ने बताया- बझेरा गांव में रविवार शाम प्रताप और रामप्रकाश के परिवार के बीच झगड़ा हुआ था। इसमें रामप्रकाश की मां श्यामवती और भाई हरी सिंह समेत 6 लोग घायल हुए थे। झगड़े में प्रताप पक्ष के लोग भी घायल हुए हैं। सभी को कामां अस्पताल में भर्ती करवाया गया। जहां से राम प्रकाश की मां श्यामवती की हालत ज्यादा गंभीर होने के कारण उन्हें देर रात ही आरबीएम अस्पताल रेफर किया गया। RBM अस्पताल से श्यामवती को जयपुर के SMS अस्पताल रेफर कर दिया गया। जहां इलाज के दौरान सोमवार सुबह श्यामवती की मौत हो गई। बेटे रामप्रकाश की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर लिया गया है और फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है। पत्थर हटाने की बात पर विवाद रामप्रकाश निवासी बझेरा गांव ने कामां थाने में FIR दर्ज करवाते हुए बताया- 9 नवंबर की शाम करीब 7 बजे मेरे परिवार वाले उत्तर प्रदेश के महरौली से अपने घर आए थे। परिवार के लोगों की गाड़ी गांव के प्रताप के घर के सामने से पहुंची तो यहां रास्ते में पत्थर रखे हुए थे। हमने प्रताप और उसके परिजनों से पत्थर हटाने को कहा। उन्होंने पत्थर हटाने से मना कर दिया। बहस हुई तो प्रताप और उसके करीब 19 घरवाले हाथों में लाठी, डंडे, फरसे और बंदूक लेकर आ गए। उन्होंने अपने घर के सामने हमारी गाड़ी को रोक लिया। तभी गोपाल नाम के व्यक्ति ने अपने परिजनों से कहा- पूरे परिवार को खत्म कर दो। जिसके बाद प्रताप, गोपाल और उसके परिजनों ने रामप्रकाश के परिवार पर हमला कर दिया। हमला कर भागे आरोपी रिपोर्ट में बताया- गोपाल ने भाई हरिसिंह के सिर पर फरसा मारा। शिवम ने मां श्यामवती के सिर पर फरसे से हमला कर दिया। प्रताप के परिजनों ने रामप्रकाश के परिवार की महिलाओं और व्यक्तियों को बुरी तरह पीटना शुरू कर दिया। रामप्रकाश के परिवार के लोगों के चिल्लाने की आवाज सुन गांव के लोग इकट्ठे हुए तो, प्रताप और उसके परिवार वाले वहां से फरार हो गए। रामप्रकाश ने बताया कि उनका प्रताप के परिवार से कोई रंजिश नहीं थी। उन्होंने बेवजह हमारे परिवार पर हमला किया है। फिलहाल पुलिस बल बझेरा गांव में तैनात है। गांव में शांति बनी हुई है।