झुंझुनूं में हार्डकोर बदमाश की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। डेनिस बावरिया की हत्या मदिया गैंग के मास्टरमाइंड मंदीप उर्फ मदिया के कहने पर की गई थी। हत्या के लिए जितेंद्र उर्फ जॉनी (22) ने पैसों का लालच देकर गुर्गों को बुलाया था। हत्या करने से पहले एक होटल में मीटिंग करवाई। इसके बाद 20 अक्टूबर को 3 कैंपर गाड़ियों में गैंग के बदमाशों ने चूरू बाइपास पर डेनिस की स्कॉर्पियो को टक्कर मार दी। फिर किडनैप कर डेनिस की बेरहमी से पिटाई की, जिसमें वो गंभीर रूप से घायल हो गया। अगले दिन 21 अक्टूबर को डेनिस की जयपुर के एसएमएस हॉस्पिटल में इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस मदिया और मालसरिया गैंग से जुड़े 5 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। जबकि गुर्गों की व्यवस्था करवाने वाले जितेंद्र को रविवार को गिरफ्तार किया है। पहले देखिए… घटनाक्रम से जुड़ी 3 PHOTOS 5 पॉइंट्स में समझिए सिलसिलेवार घटनाक्रम 1. SP बृजेश ज्योति उपाध्याय ने बताया- डेनिस ने मरने से जयपुर के एसएमएस अस्पताल में पर्चा बयान दिया था। जिसमें उसने कहा था कि वह अपनी स्कॉर्पियो में 3 लाख रुपए लेकर चुडेला गांव जा रहा था। चूरू बाइपास पर ठेके के पास तीन कैंपर गाड़ियों में आए 10-15 बदमाशों ने उसकी स्कॉर्पियो को टक्कर मार दी। 2. बदमाशों में प्रशांत उर्फ फोखर, मालसरिया गैंग का दीपक मालसरिया, मदिया गैंग का मंदीप उर्फ मदिया, उसका भाई कपिल मेघवाल, सुनील मेघवाल, हितेश मील, अजय जाट समेत अन्य थे। डेनिस को किडनैप कर अपने साथ कैंपर में ले गए और पुलिस के पीछे पड़ने पर रसोड़ा गांव में फेंक गए। बदमाश उससे सोने की चेन, अंगूठी और 3 लाख रुपए कैश भी लूट ले गए। 3. बदमाशों के पीछे पुलिस लगी तो एक कैंपर चूड़ी अजीतगढ़ गांव के पास ट्रोले से टकरा गई। इस हादसे में हिस्ट्रीशीटर बाबूलाल मुकुंदगढ़ और विनोद मीणा की मौत हो गई। 3 बदमाश घायल हो गए, जिनका इलाज मंडवा के सरकारी हॉस्पिटल में चल रहा है। 4. पुलिस टीम डेनिस को रसोड़ा से BDK हॉस्पिटल लेकर आई, जहां से गंभीर हालत में जयपुर रेफर कर दिया गया था। इलाज के दौरान अगले दिन 21 अक्टूबर सुबह साढ़े 11 बजे उसकी मौत हो गई। 5. पुलिस ने बदमाशों की व्यवस्था करने वाले जितेंद्र उर्फ जॉनी (22) पुत्र ओमप्रकाश मेघवाल निवासी चोढ़ानी की ढाणी, तन परसरामपुरा, थाना गोठड़ा को रविवार को गिरफ्तार किया। पूछताछ में सामने आया कि मंदीप उर्फ मदिया ने जितेंद्र उर्फ जॉनी के जरिए आरोपी अजय कुमार उर्फ अज्जू, ताराचंद और पंकज जाट को बुलवाया था। एक दिन पहले होटल में रची थी हत्या की साजिश
पूछताछ में सामने आया कि 19 अक्टूबर को मंदीप उर्फ मदिया ने जॉनी से सीधे तौर पर कहा था कि ‘डेनिस बावरिया की हत्या करनी है, चार-पांच लड़के लेकर आना।’ इसके बाद जॉनी अपने परिचित अजय कुमार, ताराचंद, पंकज जाट और धर्मपाल से संपर्क साधा। ये सभी पहले भी गैंग में शामिल होकर पैसे कमाने की बात कर चुके थे। पैसों का लालच देकर जॉनी ने इन युवकों को मंदीप उर्फ मदिया के पास झुंझुनूं में मंडावा रोड स्थित रॉयल ट्रीट होटल भेजा। यहीं पर सभी ने मिलकर हत्या की साजिश रची। अब तक 6 आरोपी गिरफ्तार, 2 गैंग पर शिकंजा
थानाधिकारी हरजिंद्र सिंह ने बताया- मामले में कपिल कुमार कस्वां (39) पुत्र उम्मेद सिह जाट, निवासी नयासर पुलिस थाना सदर झुंझुनूं को बादशाहपुर, हरियाणा से गिरफ्तार किया गया। राहुल कुमार उर्फ राज (21) पुत्र बंजरगलाल, निवासी गुदडवास पुलिस थाना रामगढ सेठान जिला सीकर को रामगढ़ सेठान से गिरफ्तार किया गया। ताराचन्द उर्फ टीसी ( 21) पुत्र सीताराम मेघवाल, निवासी लाखी वालो का मौहल्ला पिपराली पुलिस थाना दादीया जिला सीकर को सीकर से गिरफ्तार किया गया। पंकज कुमार (21) पुत्र राजेन्द्र निवासी पंचायत समिति के पास पिपराली पुलिस थाना दादीया जिला सीकर को सीकर से गिरफ्तार किया गया। जबकि अजय कुमार उर्फ अजु (22) पुत्र खेताराम निवासी खिरोड पुलिस थाना गोठडा जिला झुंझुनूं) को सीकर से गिरफ्तार किया गया। वहीं मामले में जितेंद्र उर्फ जोनी को रविवार को गिरफ्तार किया गया, उससे पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। जबकि दोनों गैंग से जुड़े अन्य बदमाशों की तलाश भी की जा रही है। डेनिस पर 12 मुकदमे दर्ज थे
हिस्ट्रीशीटर डेनिस बावरिया भी जिले के कुख्यात अपराधियों में गिना जाता था। उसके खिलाफ जिले के अलग-अलग थानों में मारपीट, रंगदारी, लूट और अवैध हथियार रखने समेत 12 से ज्यादा मुकदमे दर्ज थे। इससे पहले भी डेनिस पर हमले हो चुके थे। ये खबर भी पढ़िए… झुंझुनूं में हिस्ट्रीशीटर की पीट-पीटकर हत्या:2 गाड़ियों में आए बदमाश किडनैप करके ले गए थे, रास्ते में अधमरा कर फेंका