राजसमंद में कांकरोली स्थित श्री द्वारकाधीश मंदिर में बुधवार को आषाढ़ शुक्ल पक्ष की एकम एवं पुष्य नक्षत्र के शुभ अवसर पर रथयात्रा उत्सव श्रद्धा, भक्ति और उल्लास के साथ मनाया गया। तृतीय पीठ के युवराज गोस्वामी वैदांत कुमार महाराज ने रथयात्रा उत्सव की सेवा प्रभु को समर्पित की। सुबह श्रृंगार में प्रभु द्वारकाधीश को श्वेत एवं लाल परिधानों के साथ हीरा, पन्ना और माणक के आभूषण धराए गए। राजभोग के बाद पहले भोग के दर्शन में प्रभु अष्ट अश्वों से सुसज्जित रथ पर विराजमान होकर भक्तों को दर्शन दिए। इस अवसर पर प्रभु को साढ़े चार क्विंटल आम का विशेष भोग अर्पित किया गया। चौथे भोग के दर्शन डोल तिवारी में रथ पर विराजित स्वरूप में हुए, जबकि शयन दर्शन में प्रभु तांगे में विराजे। शयन के समय मोगरे की कलियों से विशेष श्रृंगार किया गया और युवराज गोस्वामी वैदांत कुमार ने रथयात्रा उत्सव की आरती उतारी। इस दौरान बड़ी संख्या में वैष्णव श्रद्धालुओं ने दर्शन कर उत्सव का आनन्द लिया। आयोजन में गोस्वामी संजीव कुमार महाराज, मंदिर मुखिया, सहायक मुखिया, भीतरिया, कीर्तनकार एवं पखावज वादकों ने भी अपनी सेवाएं अर्पित कीं।

You missed