बांसवाड़ा में सुसाइड करने फंदे पर लटक रहे युवक को परिजनों ने बचा लिया। उसके जैसे-तैसे अस्पताल ले गए। होश में आते ही युवक हिंसक हो गया, लोगों को पीटने पर उतारु हो गया और कूद-फांद करने लगा। उसकी ऐसी हालत देख डॉक्टरों ने उसे उदयपुर रेफर कर दिया है। डॉक्टरों के अनुसार, रस्सी से गर्दन की दिमागी नस दबी है ऐसे में युवक हिंसक हो गया और अजीब हरकतें कर रहा है। अस्पताल में अजीब हरकतें करने लगा बांसवाड़ा के सज्जनगढ़ थाना इलाके में 25 साल के युवक ने अज्ञात कारणों से घर में ही फंदा लगाने की कोशिश की। घर वालों को इसका मालूम चला तो वे युवक को बचाने दौड़े और रस्सी से नीचे उतारा। इसके बाद MG अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए प्राथमिक उपचार दिया, जिससे युवक की जान तो बच गई, लेकिन, होश आते ही युवक अजीब हरकतें करने लगा। तस्वीरों में देखें मौके पर क्या हुआ… ऑक्सीजन की कमी एमजी हॉस्पिटल के डॉक्टर हरीश चरपोटा ने बताया- फांसी लगाने से गर्दन से ब्रेन में जाने वाली नसों में खून व ऑक्सीजन की कमी से यह होता है। इस मरीज में भी यही लक्षण थे। दिमाग तक होने वाली ऑक्सीजन की सप्लाई रुक गई। ​ हाथ-पैर बांधकर उदयपुर ले गए वह अजीबोगरीब और हिंसक हरकतें करने लगा। परिजनों ने उसे संभालने की काफी कोशिश की, लेकिन जब युवक पूरी तरह बेकाबू हो गया। जानकारी के अनुसार, इसके बाद परिजनों ने उसके हाथ और पैर बांध दिए। इसके बाद उसे उदयपुर ले गए।