पाली में ‘शुद्ध आहार, मिलावट पर वार’ अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सुमेरपुर में विनायक कॉरपोरेशन में कार्रवाई की। मिलावट के शक में टीम ने यहां से 12,495 किलोग्राम तेल सीज किया और सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे। यहां कई नामी कंपनियों के टीन भी मिले। सीएमएचओ विकास मारवाल ने बताया कि पाली जिले के सुमेरपुर के जाखामाता रीको क्षेत्र स्थित विनायक कॉरपोरेशन सरसों तेल निर्माण इकाई पर औचक निरीक्षण किया गया था। खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुरेश चन्द्र शर्मा और दिलीप सिंह यादव के नेतृत्व में पहुंची टीम ने मौके पर 15 किलो क्षमता के 533 टीन नौ दुर्गा ब्रांड और 300 टीन ज्योति ब्रांड सरसों तेल को सीज किया। सीज किए गए तेल की कुल मात्रा 12,495 लीटर है। दोनों ब्रांडों के नमूने लेकर जांच के लिए राज्य खाद्य प्रयोगशाला भेजे गए हैं। नामी कंपनियों के टीनों में की जा रही थी पैकिंग
निरीक्षण के दौरान सामने आया कि फैक्ट्री संचालक खीमाराम माली नामी कंपनियों के खाली टीनों का उपयोग कर ज्योति और नौ दुर्गा ब्रांड नाम से सरसों तेल की पैकिंग कर रहा था। मौके पर गुलाब, अडानी, रानी, श्रीजी, बनास और अंकुर सहित कई कंपनियों के खाली टीन बड़ी संख्या में पाए गए, जिनका उपयोग पैकिंग कार्य में किया जा रहा था। पूर्व में भी लग चुका है जुर्माना
सीएमएचओ डॉ. विकास मारवाल ने बताया कि पूर्व में भी इस फर्म से लिए गए खाद्य तेल के नमूने जांच में अवमानक पाए गए थे, जिसके आधार पर कोर्ट ने जुर्माना लगाया था। इसके अलावा राजस्थान सहित अन्य राज्यों में भी नौ दुर्गा ब्रांड के खाद्य तेल के नमूने गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे थे। इसके बावजूद फर्म संचालक नियमों की लगातार अवहेलना कर रहा था, जिस पर विभाग ने सख्त कार्रवाई को अंजाम दिया है।
