बूंदी जिले के नैनवां में गुर्जर समाज की एक बैठक हुई। यह बैठक गुर्जर आरक्षण आंदोलन में शहीद हुए 73 लोगों को श्रद्धांजलि देने के लिए बुलाई गई। इस दौरान समाज के लोगों ने शहीदों के योगदान को याद करते हुए उन्हें नमन किया। इस अवसर पर राज्य और केंद्र सरकार से गुर्जर आरक्षण (एमबीसी) अधिनियम को संविधान की नौवीं अनुसूची में जल्द शामिल करने की मांग की। उन्होंने बताया कि एमबीसी वर्ग में गुर्जर, बंजारा, रायका, रेबारी और गाड़िया लुहार जैसे समाज शामिल हैं, जो अत्यंत पिछड़े वर्ग से आते हैं। आंदोलन की दी चेतावनी
सभा में चेतावनी दी गई कि यदि समय रहते इन मांगों का समाधान नहीं किया गया, तो एमबीसी वर्ग आंदोलन करने पर मजबूर होगा। इसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
श्रद्धांजलि सभा में गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष राधाकिशन पोसवाल, पूर्व पार्षद हेमराज गुर्जर, भागीरथ पोसवाल, धनराज, गणेश, देवराज, विजय चौहान, भागचंद और मुकेश गुर्जर सहित समाज के कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। कंटेंट: अश्विनी शर्मा नैनवां।
