कोटपूतली में बुधवार को जिला कलेक्टर अपर्णा गुप्ता ने फर्टिलाइजर डिस्ट्रीब्यूशन रेगूलेट्री टास्क फोर्स की बैठक ली। इसमें उन्होंने उर्वरकों की जमाखोरी और कालाबाजारी पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा किसानों को समय पर पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। दुकानदारों को रिकॉर्ड रखने के लिए कहा कलेक्टर ने उर्वरक निरीक्षकों को नियमित निरीक्षण कर दोषी विक्रेताओं के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने सभी अधिकृत उर्वरक विक्रेताओं को दुकान पर निर्धारित दर सूची प्रदर्शित करने और स्टॉक व बिक्री का अद्यतन रिकॉर्ड रखने के निर्देश भी दिए। कृषि विभाग के अधिकारियों को जिले में उर्वरकों की मांग और उपलब्धता की नियमित निगरानी करने का निर्देश दिया गया, ताकि किसानों को कोई असुविधा न हो। संयुक्त निदेशक कृषि लीला राम जाट ने बताया कि जिले में वर्तमान में किसानों की मांग के अनुरूप उर्वरक उपलब्ध हैं और भविष्य में भी उपलब्धता बनाए रखी जाएगी। उर्वरक के अनावश्यक भंडारण से बचने की अपील उन्होंने किसानों से अपनी आवश्यकतानुसार ही उर्वरक खरीदने और अनावश्यक भंडारण से बचने की अपील की। बैठक में डीएपी के स्थान पर एसएसपी के उपयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया गया, जिससे भूमि का स्वास्थ्य सुरक्षित रखा जा सके। किसानों को मिट्टी परीक्षण की सिफारिश के आधार पर ही उर्वरकों का उपयोग करने की सलाह दी जा रही है। इसके अतिरिक्त, कम पानी चाहने वाली फसलों की बुआई को बढ़ावा देने और किसानों के समूह बनाकर मशरूम की खेती को प्रोत्साहित करने पर भी जोर दिया गया, ताकि किसानों की आय बढ़ सके। डीएसपी राजेंद्र बुरड़क को फर्टिलाइजर की कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए कृषि विभाग से समन्वय स्थापित कर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।