जैसलमेर शहर में आपदा, आगजनी और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन अलर्ट है। जिला कलेक्टर के निर्देशों के अनुसार जैसलमेर शहर के विभिन्न 11 स्थानों पर अत्याधुनिक ‘GSM-कंट्रोल्ड हूपर एवं लाउडस्पीकर सिस्टम’ स्थापित किए गए हैं। इन सायरन की कार्यक्षमता को जांचने के लिए आगामी 27 मार्च को सुबह 11 बजे पूरे शहर में एक साथ टेस्टिंग की जाएगी। नगर परिषद जैसलमेर के आयुक्त लजपाल सिंह सोढ़ा ने स्पष्ट किया है कि यह केवल एक तकनीकी जांच है, जिससे नागरिक भयभीत न हों। इमरजेंसी में अलर्ट रखने के लिए लगाए गए हैं सायरन उन्होंने बताया कि शहर में किसी भी बड़ी आपदा या आपातकालीन गतिविधि के समय आम जनता को तुरंत अलर्ट करने के उद्देश्य से यह प्रणाली विकसित की गई है। ये सायरन GSM तकनीक पर आधारित हैं, जिन्हें रिमोटली कंट्रोल किया जा सकता है। नगर परिषद की अपील: शांति बनाए रखें जैसलमेर के नगर परिषद कमिश्नर लजपाल सिंह का कहना हैं- शहर के 11 प्रमुख स्थानों पर लगे इन इलेक्ट्रिक सायरन की टेस्टिंग के दौरान नागरिक पैनिक न हों। प्रशासन सुरक्षा व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के लिए यह अभ्यास कर रहा है। उन्होंने अपील की है कि शुक्रवार (27 मार्च) सुबह 11 बजे सायरन की आवाज सुनकर घबराए नहीं। यह केवल एक रूटीन टेस्टिंग प्रक्रिया है। जांच के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखें और प्रशासन का सहयोग करें।
