नागौर जिले में नशा तस्करों के खिलाफ चल रहे अभियान के तहत अब उनकी अवैध संपत्तियों पर भी कार्रवाई शुरू हो गई है। पुलिस अधीक्षक मृदुल कच्छावा के निर्देशन में खींवसर क्षेत्र के पांचला सिद्धा गांव में हिस्ट्रीशीटर भोपालराम बिश्नोई द्वारा सरकारी भूमि पर किए गए अतिक्रमण को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया। सरकारी जमीन पर बनाया था मकान आरोपी ने गैर मुमकिन गौचर भूमि पर मकान बना रखा था और चारों ओर बाउंड्री वॉल भी खड़ी कर दी थी। प्रशासन की टीम ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी की मदद से पूरे अवैध निर्माण को ढहा दिया। 14 गंभीर मामले दर्ज ​खींवसर थानाधिकारी रामनारायण भंवरिया के अनुसार आरोपी भोपालराम बिश्नोई थाने का सूचीबद्ध हिस्ट्रीशीटर है, जिसके विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट, हत्या और हत्या के प्रयास के कुल 14 मामले दर्ज हैं। जांच में यह तथ्य सामने आया कि आरोपी ने मादक पदार्थों की तस्करी के जरिए अवैध रूप से संपत्ति अर्जित की थी। पुलिस अधीक्षक के निर्देशों के बाद जब आरोपी की अचल संपत्ति का रिकॉर्ड खंगाला गया, तो पता चला कि उसका मकान सरकारी जमीन पर बना हुआ है। इसके बाद पुलिस ने राजस्व विभाग के साथ समन्वय स्थापित कर विधिक प्रक्रिया के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की।
राजस्व विभाग के साथ संयुक्त कार्रवाई ​खींवसर तहसीलदार सुरेश कुमार ने बताया कि फरवरी के प्रथम सप्ताह में पुलिस की ओर से आरोपी की अवैध संपत्तियों की जांच हेतु पत्र प्राप्त हुआ था। इसके आधार पर हल्का पटवारी और आर.आई. की संयुक्त टीम ने पांचला सिद्धा के बिश्नोईयों की ढाणी में जाकर मौका मुआयना और सीमांकन किया। जांच में स्पष्ट हुआ कि भोपालराम ने गैर मुमकिन गौचर भूमि पर अवैध कब्जा कर निर्माण करवा रखा है। इस पर धारा 91 के तहत मामला दर्ज कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई और 19 तारीख को बेदखली के आदेश जारी किए गए। सोमवार सुबह प्रशासन और पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर जेसीबी की सहायता से अवैध निर्माण को ढहा दिया। आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई नागौर एसपी मृदुल कछावा ने बताया कि अवैध गतिविधियों में लिप्त तस्करों और अपराधियों के खिलाफ आर्थिक चोट करने के लिए यह रास्ता अपनाया गया है। अवैध काम धंधों से अर्जित सम्पति पर अब पुलिस की कड़ी नजर है और भविष्य में भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी।