अजमेर में प्रॉपर्टी विवाद में वकील की उसके बड़े भाई ने हत्या कर दी। वकील के छोटे भाई का कहना है कि आरोपियों ने मारपीट के दौरान उसके भाई को धक्का दिया। इससे वह सिर के बल गिर गया। सिर में गंभीर चोट लगने से उसकी मौत हो गई। घटना आदर्श नगर थाना इलाके की सोमवार सुबह 7 बजे की है। मृतक बलवीर सिंह रावत (43) के छोटे भाई पुष्पेंद्र सिंह रावत ने सबसे बड़े भाई भगवान सिंह रावत, भाभी और उनके बेटों पर हत्या का आरोप लगाया है। पुष्पेंद्र सिंह ने हत्या का मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई की मांग की है। थाना प्रभारी छोटू लाल ने बताया- परिवार की आपसी लड़ाई में धक्का-मुक्की के दौरान एक युवक की मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। मामले में जो शिकायत परिवार की ओर से दी जाएगी। उस पर मुकदमा दर्ज कर नियम अनुसार कार्रवाई की जाएगी। बलवीर का शव जेएलएन अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखवाया गया है। घटना का सीसीटीवी वीडियो भी सामने आया है। पहले देखिए, घटना की PHOTOS… गेट लगाने पर हुआ विवाद, परिवार ने की मारपीट एडवोकेट पुष्पेंद्र सिंह रावत ने बताया- मैं परिवार सहित परबतपुरा बाईपास विकास नगर अजमेर में रहता हूं। आज सुबह करीब 7 बजे मेरे भाई बलवीर सिंह के हिस्से में बने मकान में गेट लगवाना था। ट्रैक्टर ट्रॉली में निर्माण सामग्री आई थी। तभी सबसे बड़ा भाई भगवान सिंह रावत, उसकी पत्नी लाली देवी और उनके बेटों ने मेरे व पत्नी सुनीता के साथ गाली-गलौज कर मारपीट की। तभी मेरा दूसरा बड़ा भाई बलवीर सिंह बीच-बचाव करने के लिए आया तो आरोपियों ने जान से मारने की नीयत से बलवीर को धक्का दिया। बलवीर सिंह सिर के बल गिर गया। इसके बावजूद भी आरोपी नहीं माने और उसके साथ मारपीट करते रहे। बलवीर के सिर पर गंभीर चोट आई। उसे तुरंत गाड़ी से जेएलएन अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। बड़े भाई से चल रहा था प्रॉपर्टी विवाद पुष्पेंद्र सिंह ने बताया- 19 मई 2024 को पिता की मृत्यु हो गई थी। परिवार में कुल चार भाई और एक बहन है। सबसे बड़ा भाई भगवान सिंह, दूसरे नंबर पर कमल सिंह, तीसरा एडवोकेट बलवीर सिंह और सबसे छोटा मैं हूं। पिता ने मौत से पहले सबके नाम वसीयत कर दी थी। लेकिन भगवान सिंह प्रॉपर्टी को लेकर संतुष्ट नहीं था। पुष्पेंद्र ने बताया- बलवीर मेरे साथ ही रह रहा था। वह 2017 से पैरालाइज्ड था। पिता की मौत के बाद से ही बलवीर की प्रॉपर्टी को लेकर यह विवाद चल रहा था। बलवीर की सगाई की बात चल रही थी। उनके पिता मगरा विकास बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष (राज्य मंत्री) मदन सिंह रावत थे। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष और वकील पहुंचे मॉर्च्युरी बलवीर सिंह की हत्या की सूचना मिलने के बाद अजमेर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष योगेंद्र ओझा सहित अन्य अधिवक्ता मॉर्च्युरी पहुंच गए हैं। वकीलों ने पुलिस से मामले में जल्द कार्रवाई की मांग की है।