सदर थाना पुलिस ने 5 हजार रुपये के इनामी बदमाश सतीश पुत्र कालुराम मईड़ा (22) निवासी गारीया को गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ डकैती, लूट और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर मामलों में चार अलग-अलग कोर्ट से स्थायी वारंट जारी हुए थे। पुलिस लंबे समय से बदमाश की तलाश में जुटी थी। मासूम के साथ जा रहे बुजुर्ग से की थी लूट 18 जुलाई, 2024 को त्रिपुरा कॉलोनी निवासी रवींद्र व्यास ने राजतालाब थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में रवीन्द्र ने कहा था कि 16 जुलाई की रात करीब 8 बजे वे अपनी 6 वर्षीय नातिन देविका को बाइक से अपने संबंधी के घर छोड़ने जा रहे थे। तभी बांसवाड़ा-दाहोद हाईवे पर नागेश्वर मंदिर के पास बाइक पर सवार चार बदमाशों ने उन्हें टक्कर मारकर गिरा दिया। बदमाशों ने बुजुर्ग के साथ मारपीट की और उनका मोबाइल छीन लिया। शोर मचाने पर राहगीरों की मदद से एक आरोपी महिपाल को पकड़ लिया गया था, लेकिन सतीश अन्य साथियों के साथ मौके से फरार हो गया था। बचने के लिए लगातार बदले ठिकाने आरोपी पुलिस से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदलता रहता था। इस शातिर अपराधी को पकड़ने के लिए सदर थाना पुलिस ने मुखबिरों का जाल बिछाया। पुलिस को सूचना मिली थी कि आरोपी अपने गांव के आसपास देखा गया है, जिसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर उसे धर दबोचा। फिलहाल पुलिस आरोपी से अन्य वारदातों के संबंध में पूछताछ कर रही है। चार अदालतों ने जारी किए थे वारंट पुलिस जांच में सामने आया कि सतीश के खिलाफ सदर और कोतवाली थाने में लूट व डकैती के कई प्रकरण दर्ज हैं। न्यायालय में पेशी पर उपस्थित नहीं होने के कारण मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट और प्रिंसिपल मजिस्ट्रेट बांसवाड़ा की ओर से उसके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किए थे। आरोपी की गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक ने 5 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
