सीकर में रिटायर्ड CA को 24 दिन तक डिजिटल अरेस्ट बनाकर 1.03 करोड़ रुपए ठग लिए गए। साइबर फ्रॉड गिरोह के लोगों ने रिटायर्ड CA को वीडियो कॉल पर झूठी FIR और कोर्ट कार्यवाही भी दिखाई। बुजुर्ग हनुमान सिंह (72) निवासी टैगोर स्कूल सीकर ने साइबर पुलिस थाने में सोमवार को मुकदमा दर्ज करवाया है। साइबर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है। साइबर पुलिस थाने के DSP जीवनलाल खत्री ने बताया- परिवादी हनुमान सिंह ने मामला दर्ज कराया है। इसमें बताया कि वे गुरुग्राम में CA से रिटायर होकर अभी सीकर में रह रहे हैं। उनके पास 1 अप्रैल को अनजान नंबरों से मोबाइल पर कॉल आया। तब वे घर पर अकेले थे। तब फोन काट दिया। इसके बाद वॉट्सएप पर बदमाश वॉइस कॉल करके धमकी देने लगे। इसके बाद 4 अप्रैल से लेकर 27 अप्रैल तक डिजिटल अरेस्ट रखा। इस दौरान कोर्ट की कार्यवाही सहित ED-CBI का डर दिखाते हुए 1 करोड़ 3 लाख 81 हजार रुपए ट्रांसफर करवा लिए। महिलाओं को अश्लील मैसेज भेजने के नाम पर डराया DSP जीवनलाल खत्री ने बताया- पीड़ित को बदमाशों ने वॉट्सएप पर वॉइस कॉल किया। कॉल करने वाले ने खुद को कभी ED, CBI और कभी पुलिस अधिकारी बताया। बदमाशों ने पीड़ित हनुमान सिंह को कहा कि तुम्हारे मोबाइल नंबर से महिलाओं को अश्लील और गैरकानूनी मैसेज भेजे जा रहे हैं। साथ ही पीड़ित के कई बैंक अकाउंट से गैरकानूनी ट्रांजेक्शन करने की बात भी कही। साइबर ठगों ने पीड़ित हनुमान सिंह को कहा कि तुम्हारे खिलाफ FIR दर्ज है। इसके बाद वीडियो कॉल पर FIR के साथ कोर्ट कार्यवाही की प्रक्रिया भी दिखाई गई। इससे बुजुर्ग हनुमान सिंह डर गए और मानसिक दबाव में आ गए। वीडियो कॉल पर दिखाई कोर्ट कार्यवाही, फर्जी FIR से डरा पीड़ित बुजुर्ग हनुमान सिंह को डिजिटल अरेस्ट करने वाले साइबर ठग इतने शातिर थे कि उन्होंने वीडियो कॉल के दौरान एक FIR ऐसी दिखाई, जिसमें आरोपी पीड़ित को बनाया गया। साथ ही वीडियो कॉल पर उसके खिलाफ कोर्ट कार्यवाही दिखाई गई। मुकदमा वापस लेने के नाम पर की ठगी DSP जीवनलाल खत्री ने बताया- आरोपियों ने मुकदमा वापस लेने के नाम पर पीड़ित हनुमान सिंह से ठगी का खेल शुरू किया। आरोपियों ने उन्हें 24 दिन डिजिटल अरेस्ट करके 1 करोड़ 3 लाख 81 हजार रुपए ट्रांसफर करवा लिए। DSP खत्री ने कहा- मुकदमा दर्ज करके जांच शुरू की है। नंबरों के जरिए आरोपियों का पता लग रही पुलिस DSP जीवनलाल खत्री ने बताया- बुजुर्ग हनुमान सिंह को आरोपियों ने जिन नंबरों से वॉट्सएप पर वीडियो कॉल करके पूरी वारदात को अंजाम दिया। अब उन नंबरों के आधार पर पुलिस मामले में आरोपियों की तलाश कर रही है।
