बरनाला जिले के महल कलां के नजदीकी गांव सहौर में एक किराना और जनरल स्टोर में देर रात भीषण आग लग गई। इस घटना में दुकान के अंदर रखा लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। आग इतनी भयानक थी कि देखते ही देखते दुकान का लगभग पूरा सामान उसकी चपेट में आ गया। जानकारी के अनुसार, गांव सहौर निवासी मेहर चंद पुत्र ज्ञान चंद की दुकान में यह आग लगी। दुकान मालिक के बेटे साहिल ने बताया कि उन्हें तड़के करीब तीन बजे पड़ोसियों ने फोन कर आग लगने की सूचना दी। सूचना मिलते ही परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक आग विकराल रूप धारण कर चुकी थी। ग्रामीणों ने आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग तेजी से फैलने के कारण उस पर काबू पाना मुश्किल हो गया। 3 बजे के बाद मिली फायर ब्रिगेड को सूचना साहिल के मुताबिक, आग लगने की सूचना सुबह 3:20 बजे फायर ब्रिगेड विभाग को दी गई थी। हालांकि, फायर ब्रिगेड की गाड़ी लगभग एक घंटे बाद सुबह 4:30 बजे घटनास्थल पर पहुंची। तब तक दुकान के अंदर रखा अधिकांश सामान जलकर पूरी तरह नष्ट हो चुका था। फायर ब्रिगेड कर्मचारियों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया और उसे आसपास के क्षेत्र में फैलने से रोका। दुकानदार के अनुसार, स्टोर में बड़ी मात्रा में खाद्य सामग्री और अन्य सामान रखा हुआ था। इसमें लगभग 60 से 65 लीटर सरसों का तेल और 20 से 25 लीटर देसी घी के डिब्बे भी शामिल थे। आग लगने के दौरान इन डिब्बों के फटने से लपटें और तेज हो गईं, जिससे पूरे स्टोर को अपनी चपेट में ले लिया। किराना सामान के साथ-साथ बिक्री के लिए रखा गया इलेक्ट्रॉनिक सामान भी पूरी तरह जलकर नष्ट हो गया। दुकानदार बोला- लाखों का नुकसान मेहर चंद ने बताया कि इस हादसे में उनका करीब 6 से 7 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। दुकान ही उनके परिवार की आय का मुख्य साधन थी। परिवार में उनकी पत्नी, बेटा और बेटी शामिल हैं और सभी की रोजी-रोटी इसी दुकान से चलती थी। आग लगने के बाद परिवार के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। दुकान की मरम्मत करवाने और दोबारा सामान भरने के लिए बड़ी राशि की आवश्यकता होगी, जिसे जुटाना उनके लिए बेहद कठिन है। घटना के बाद गांव के लोगों ने पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और प्रशासन से सहायता देने की मांग की। पीड़ित परिवार ने सरकार से मांगी मदद वहीं पीड़ित परिवार ने पंजाब सरकार और जिला प्रशासन से आर्थिक मदद उपलब्ध करवाने की अपील की है ताकि वे दोबारा अपना कारोबार शुरू कर सकें और परिवार का पालन-पोषण कर सकें। प्रारंभिक तौर पर आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल पाया है। आशंका जताई जा रही है कि शॉर्ट सर्किट या किसी अन्य तकनीकी खराबी के कारण आग लगी हो सकती है। प्रशासन द्वारा मामले की जांच की जा रही है। घटना ने एक बार फिर ग्रामीण क्षेत्रों में अग्निशमन सेवाओं की समय पर उपलब्धता और सुरक्षा प्रबंधों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।
