पंजाब राज्य में नगर निगमों, नगर कौंसिलों और नगर पंचायतों के चुनाव 26 मई को होने तय हुए हैं। इस पूरी चुनावी प्रक्रिया के दौरान जिला पठानकोट में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए हथियार लेकर चलने पर जिला प्रशासन की ओर से पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। पठानकोट की जिला मजिस्ट्रेट डॉ. पल्लवी ने ‘भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023’ के तहत मिले अधिकारों का उपयोग करते हुए यह आदेश जारी किया है। आर्म्स एक्ट 1959 के अंतर्गत, नगर निगम पठानकोट और नगर कौंसिल सुजानपुर के आगामी चुनावों को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए इन क्षेत्रों की सीमा के भीतर सभी लाइसेंस धारकों के हथियार ले जाने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। एसएसपी आदेशों को सख्ती से करवाएंगे लागू इस आदेश को सख्ती से लागू करवाने की जिम्मेदारी वरिष्ठ पुलिस कप्तान, पठानकोट की होगी। यह आदेश आज से लागू हो गया है और चुनावी प्रक्रिया पूरी होने तक प्रभावी रहेगा। जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि लोग प्रशासन को सहयोग करें। इन लोगों को मिलेगी आदेश से छूट जिला मजिस्ट्रेट डॉ. पल्लवी ने कहा कि यह प्रतिबंध सेना के जवान, अर्धसैनिक बल (पैरा मिलिट्री फोर्सेज) और ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी, वे लोग जिन्हें धार्मिक रीति-रिवाजों और परंपराओं के कारण हथियार (जैसे कृपाण आदि) रखने का अधिकार है, बैंकों और सुनार की दुकानों की सुरक्षा में तैनात लाइसेंसी हथियारधारक कर्मचारी और वे व्यक्ति जिन्हें भारत सरकार या पंजाब सरकार द्वारा पहले से ही सुरक्षा कवच प्रदान किया गया है, उन पर लागू नहीं होंगे।
