उत्तर पश्चिम रेलवे जोधपुर मंडल के लोको पायलट राजूराम गोदारा को उनकी सतर्कता और जिम्मेदारीपूर्ण कार्य के लिए जुलाई माह का ‘मैन ऑफ द मंथ’ अवार्ड दिया गया है। मंडल रेल प्रबंधक अनुराग त्रिपाठी ने उन्हें प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। डीआरएम त्रिपाठी ने बताया कि ट्रेन संचालन के दौरान तकनीकी खराबी मिलने पर लोको पायलट गोदारा ने सतर्कता दिखाते हुए तत्काल गाड़ी को रोक दिया। उनकी इस सूझबूझ से एक संभावित दुर्घटना को टालने में सफलता मिली। लोको पायलट ने तुरंत संबंधित अधिकारियों एवं कंट्रोल को सूचना दी, जिसके बाद स्टेशन मास्टर द्वारा खराबी दूर करने पर गाड़ी को सुरक्षित रूप से रवाना किया गया। बुधवार को आयोजित सम्मान समारोह में डीआरएम त्रिपाठी के साथ अपर मंडल रेल प्रबंधक राकेश कुमार, अतिरिक्त वरिष्ठ मंडल यांत्रिक इंजीनियर (शक्ति) जोगेंद्र मीना तथा वरिष्ठ मंडल कार्मिक अधिकारी अभिषेक गांधी ने भी राजूराम गोदारा को सम्मानित किया। डीआरएम ने बताया प्रेरणास्रोत डीआरएम त्रिपाठी ने कर्मचारी की सतर्कता की सराहना करते हुए कहा कि राजूराम गोदारा की कर्तव्यनिष्ठा अन्य रेलकर्मियों के लिए एक प्रेरणास्रोत है। ट्रेन संचालन के दौरान किसी भी तकनीकी समस्या को तुरंत पहचानना और उस पर त्वरित कार्रवाई करना एक कुशल लोको पायलट की पहचान है। गोदारा की सूझबूझ से न केवल यात्रियों की जान बची, बल्कि रेलवे की संपत्ति भी सुरक्षित रही। उन्होंने आशा व्यक्त की कि गोदारा भविष्य में भी इसी तरह अपने दायित्वों का निर्वहन करते रहेंगे और रेल सुरक्षा में अपना योगदान देते रहेंगे।