राजसमंद में लेपर्ड रिहायशी इलाके में आ गया। उसे देख गली के कुत्तों ने दौड़ लगा दी। लेपर्ड ने सीढ़ी पर चढ़ रहे पिल्ले को गर्दन से दबोचा और झाड़ियों में ओझल हो गया। सुबह लोगों ने CCTV चेक किए तो पूरे मामले का वीडियो सामने आया। घटना मंगलवार रात 11.20 बजे की सिद्धार्थनगर की है। इसके बाद से इलाके में डर का माहौल है, वहीं वन-विभाग की टीम ने यहां पिंजरा भी लगाया है। इसके साथ ही, लोगों को सावधान रहने की अपील की है। DFO रामानंद भाकर ने अपील की है कि रात्रि के समय लोग सावधानी रखें, कहीं पर भी लेपर्ड का मूवमेंट दिखे तो वन विभाग या हेल्पलाइन पर सूचना करें। फिलहाल बताए स्थान पर पिंजरा लगा दिया गया है। अब देखिए लेपर्ड के अटैक की तस्वीरें… 5 दिन में दूसरी बार आया लेपर्ड सिद्धार्थ नगर निवासी कपिल टांक के मकान के बाहर लगे कैमरे में पूरा घटनाक्रम रिकॉर्ड हुआ है। जानकारी के अनुसार, यहां 5 कुत्तों का झुंड रहता है। इसमें 3 बड़े और 2 छोटे पिल्ले हैं। देर रात घात लगाकर बैठा लेपर्ड झुंड पर झपट पड़ा। इसमें एक पिल्ला लेपर्ड की पकड़ में आ गया। लेपर्ड उसे गर्दन से दबोच कर ले गया। सुबह जब गली के लोग सुबह उठे तो उन्हें एक पिल्ला कम दिखाई दिया। निवासी राजेंद्र सिंह चुंडावत और कपिल टांक के मकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज चेक की। फुटेज में लेपर्ड द्वारा कुत्ते के बच्चे का शिकार करने की पूरी घटना सामने आई। पहले भी इसी घर के सामने आया था 17 अक्टूबर की रात भी इसी मकान के बाहर लेपर्ड ने कुत्ते के बच्चे का शिकार किया था। दो दिन में कुत्ते के बच्चों के शिकार की यह दूसरी घटना है। स्थानीय लोगों के अनुसार क्षेत्र में लगातार लेपर्ड दिखाई दे रहा है और कई बार लोगों ने उसका मूवमेंट देखा है। राजेन्द्र सिंह ने बताया कि पिछले डेढ़ साल से क्षेत्र में लेपर्ड का मूवमेंट है। गनीमत यह है कि अभी तक कोई जनहानि नहीं हुई है। सूचना मिलने पर वन विभाग की रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और लेपर्ड को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया। टीम में पन्नालाल कुमावत, हरिश लोहार, रमेश कुमावत और वेणी राम कुमावत शामिल रहे।