जोधपुर जिले में चौकड़ी गांव के एक खेत में बनी पानी की डिग्गी में डूबने से भाई और 2 चचेरी बहनों की मौत हो गई। तीनों घर से खेत पहुंचे थे। यहां भाई को प्यास लगी तो वह पानी पीने के लिए डिग्गी के पास गया। पैर फिसलने से वह डिग्गी में गिर गया। छोटे भाई को डूबता देख चचेरी बहनें उसे बचाने के लिए तुरंत डिग्गी में कूद गईं। डिग्गी में गहराई के कारण तीनों ही डूब गए। हादसा बोरुंदा थाना इलाके में रविवार सुबह करीब 9 से 10 बजे के बीच हुआ। परिजनों के अनुसार- सुमन (12) पुत्री भिया, रेखा (16) पुत्री नाथूराम और प्रवीण (8) पुत्र महेंद्र चचेरे भाई-बहन थे। रविवार को तीनों घर से खेत जाने के लिए निकले थे। 1 घंटे बाद भी दोनों घर नहीं लौटे तो तलाशते हुए खेत में पहुंचे। यहां डिग्गी में तीनों के शव मिले। परिजनों ने बताया- 3 दिन पहले ही प्रवीण की मां का आकस्मिक निधन हुआ था। परिवार अभी इसके शोक से उबरा भी नहीं था कि अब तीन बच्चों की मौतों ने झकझोर दिया। पानी पीते समय पैर फिसला, डिग्गी में डूबे थाना अधिकारी सुजानाराम ने बताया- जहां हादसा हुआ है, वहां मूंग की खेती की हुई है। खेत में ही पानी की डिग्गी के पास पीने के पानी का पाइप लगा हुआ था। प्रवीण वहां पानी पीने गया था। इसी दौरान वह डिग्गी में गिर गया। उसको बचाने की कोशिश में दोनों बहनों की भी मौत हो गई। हादसे के समय खेत में कोई नहीं था भिया (35) पुत्र भैराराम चौकीदार निवासी चौकड़ी खुर्द ने बोरुंदा थाने में रिपोर्ट दी है। उसने बताया- मेरी बेटी सुमन, भाई नाथूराम की बेटी रेखा और छोटे भाई महेंद्र का बेटा प्रवीण हमारे शामलाती खेत में बनी डिग्गी के पास पानी पीने गए थे। घटना के समय आसपास कोई मौजूद नहीं था, जिससे बच्चों को बचाया नहीं जा सका। सूचना मिलने पर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और तीनों बच्चों के शव डिग्गी से बाहर निकाले। शवों को पीपाड़ जिला अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
