जैसलमेर बस अग्निकांड के मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। जैन ट्रेवल्स और जैनम कोच क्राफ्ट्स वर्कशॉप के मालिक मनीष जैन को जोधपुर से गिरफ्तार किया है। जांच में खुलासा हुआ कि जिस बस में आग लगी थी, उसकी बॉडी जोधपुर के पास मोगरा में जैनम कोच क्राफ्ट्स वर्कशॉप में तैयार की गई थी। उसका मालिक भी जैन ट्रेवल्स का मालिक मनीष जैन ही है। एसपी अभिषेक शिवहर ने बताया- मंगलवार(14 अक्टूबर) को भीषण अग्निकांड हादसे की जांच के लिए विशेष जांच टीम (SIT) गठित की थी। मामले में अब तक बस मालिक तुराब अली और ड्राइवर शौकत को गिरफ्तार किया जा चुका है। हादसे में मारे गए मृतक पत्रकार राजेंद्र सिंह चौहान के भाई चंदन सिंह ने घटना की रात ही सदर थाना में मुकदमा दर्ज करवाया था। उसी के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की और जैन ट्रेवल्स सहित अन्य संबंधित पक्षों पर कार्रवाई की। मनीष जैन को कोर्ट में पेश कर दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। जोधपुर के मोगरा में बनी थी बस की बॉडी
जांच में सामने आया कि जिस बस में आग लगी, उसकी बॉडी जोधपुर के पास मोगरा में स्थित जैनम कोच क्राफ्ट्स वर्कशॉप में तैयार की गई थी। जैनम कोच क्राफ्ट्स में बस का निर्माण चेसिस से शुरू होता है। पहले लोहे का फ्रेम तैयार किया जाता है। फिर उस पर सीटें, केबिन और अन्य ढांचा बनाया जाता है। वर्कशॉप में इलेक्ट्रिक वायरिंग से लेकर केबिन फिटिंग तक का पूरा काम होता है। हादसे के बाद परिवहन विभाग ने वर्कशॉप में मौजूद 66 बसों को भी सीज कर दिया है। जांच पूरी होने तक ये सभी बसें वहीं रखी रहेंगी। एसी और वायरिंग में मिली खामियां
बस का रजिस्ट्रेशन नॉन- एसी वाहन के रूप में हुआ था। लेकिन बाद में मॉडिफिकेशन के बाद एसी लगाया गया था। एक्सपर्ट्स ने एसी के लोड और वायरिंग पर भी सवाल उठाए हैं। एसी की वजह से बिजली का लोड बढ़ा था, जिससे हादसा हुआ। हालांकि फिलहाल इसकी जांच चल रही है। इमरजेंसी गेट का आकार भी मानकों के अनुरूप नहीं है। बस में इमरजेंसी गेट के आगे भी 2 सीट बना दी थी। इसके कारण इमरजेंसी का रास्ता ही बंद हो गया था। साथ ही सीट और स्लीपर को बढ़ाने के लिए भी निर्धारित मानकों का उल्लंघन कर बस का आकार बढ़ाया गया था। 24 की मौत, 10 घायलों का इलाज जारी
हादसे में अब तक 24 लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि 10 घायलों का इलाज हॉस्पिटल में जारी है। एक घायल को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है। हादसे के बाद राष्ट्रपति, पीएम से लेकर सीएम भजनलाल तक शोक जता चुके हैं। — जैसलमेर बस अग्निकांड की ये खबरें भी पढ़िए… उपमुख्यमंत्रीजी, आपके बस में बिना चढ़े सुरक्षा गारंटी चाहिए:21 लाशें पूछ रही है उन हत्यारों को सजा कब, जो न सरकार को जानते हैं, न सिस्टम को जैसलमेर बस अग्निकांड के बाद 2 अफसर सस्पेंड:अब तक 21 मौतें, 4 मरीज अब भी वेंटिलेटर पर, 19 लोग जिंदा जल गए थे बस में से जलते हुए कूदे यात्रियों का VIDEO:चश्मदीद बोला- झुलसी महिलाएं अपना शरीर बचा रही थीं, आसपास से कपड़े मंगवाकर उन्हें ढंका जलती बस से कूदकर दौड़े थे पैसेंजर्स,जले हुए बैठे रहे;VIDEO:महिला चिल्लाई यहां एक लेडीज है, पहले उन्हें ले जाओ, हिम्मत करो एम्बुलेंस तक तो चलो आग का गोला बनी बस, हाथ जोड़कर यात्री बोले-बचा लो:ग्रामीण पानी के टैंकर लेकर दौड़े, रोती रहीं महिलाएं; देखें हादसे की 13 PHOTOS 5 दिन पहले खरीदी थी बस, आग का गोला बनी:275-किमी ग्रीन कॉरिडोर बनाकर 16 घायलों को जैसलमेर से जोधपुर भेजा, एक की रास्ते में मौत क्यों मौत की वजह बन जाती हैं स्लीपर बस?:पतली गैलरी हादसे के वक्त भागने का मौका नहीं देती, चीन 13 साल पहले कर चुका बैन आग लगते ही लॉक हो गया था बस का दरवाजा:चश्मदीद बोला-आर्मी ने JCB से गेट तोड़ा, अंदर लाशें थीं; नॉर्मल बस AC में मॉडिफाई थी Topics:
