देश की आईआईटी, एनआईटी समेत 134 शीर्ष संस्थानों की 67 हजार 323 सीटों के लिए जोसा काउंसलिंग चल रही है। काउंसलिंग के ट्रेंड्स बताते हैं कि कम रैंक होने के बावजूद सही कोटे के इस्तेमाल से देश के प्रीमियर इंस्टीट्यूट में एंट्री मिल सकती है। कॅरियर काउंसलिंग एक्सपर्ट अमित आहूजा ने बताया कि जेण्डर न्यूट्रल पूल कोटे से ओपन केटेगरी में 13 लाख 90 हजार 116 रैंक हासिल करने वाले एक छात्र को होम स्टेट कोटे के तहत एनआईटी मिजोरम में केमिकल ब्रांच आवंटित हुई है। वहीं दूसरी ओर, फीमेल पूल कोटे से सुपर न्यूमरेरी सीटें मिलाकर 14 लाख 97 हजार 038 रैंक वाली छात्रा को ओपन केटेगरी में इसी एनआईटी मिजोरम में होम स्टेट कोटे से इलेक्ट्रॉनिक्स एंड कम्युनिकेशन जैसी मुख्य ब्रांच मिली है। एक्सपर्ट के अनुसार, दूसरे राउंड के बाद जेण्डर न्यूट्रल पूल कोटे से आईआईटी की क्लोजिंग रैंक 17 हजार 59 रही, जो आईआईटी धनबाद की केमिकल साइंस (5 वर्षीय कोर्स) को मिली। वहीं फीमेल पूल कोटे से आईआईटी की क्लोजिंग रैंक 27 हजार 712 रही, जो आईआईटी जम्मू की मटेरियल साइंस इंजीनियरिंग ब्रांच की है। एक्सपर्टस ने बताया कि स्टूडेंट्स दूसरे राउण्ड के सीट आवंटन के बाद ऑनलाइन रिपोर्टिंग 3 जुलाई शाम 5 बजे तक कर सकते हैं। स्टूडेंट्स जिनकी ऑनलाइन रिपोर्टिंग के दौरान अपलोड किए गए डॉक्यूमेंट्स में कमी पाई जाएगी, उन्हें 5 जुलाई शाम 5 बजे तक आई क़्वेरी का रेस्पॉन्स देना होगा नहीं तो उनकी सीट निरस्त कर दी जाएगी।
