अजमेर ख्वाजा गरीब नवाज की दरगाह के संस्था अंजुमन कमेटी के सचिव सरवर चिश्ती ने कहा है कि रमजान में भी शराब की दुकान बंद करो, हमारी भी भावनाएं आहत होती है। सरवर चिश्ती ने कहा- यह जो गरबा का मामला चल रहा है। कोई भी त्योहार आता है। अभी कावड़ यात्रा आई थी, मुस्लिम आर अनवांटेड और सड़कों से दुकान गायब कर दी गईं। इंदौर में से मार्केट से हजार मुसलमान को हटा दिया। गोष की दुकान बंद कर दी गईं। हमारे रमजान में भी शराब की दुकान बंद करो, हमारी भी भावनाएं आहत होती है। सरवर चिश्ती बोले- वह मुसलमान बेगैरत है, जो की मना करने के बावजूद भी जाए चिश्ती ने कहा- गरबा में कह दिया की मुस्लिम की एंट्री नहीं है। हम इसका स्वागत करते हैं। वह मुसलमान बेगैरत है, जो की मना करने के बावजूद भी जाए। किसी का त्योहार है। वह किसी को भी आमंत्रित कर सकते हैं। अगर आपको नहीं बुलाया जा रहा तो आप क्यों जा रहे हो। वैसे भी आपके मूर्ति पूजा होती नहीं। वहां मूर्ति रखी हुई रहती है। अब हमारी तरह बड़ा दिल थोड़ी। 70 करोड़ मुसलमान ख्वाजा साहब की दरगाह आते हैं। आज जो हुआ उनकी छोटी मानसिकता की वजह से हुआ। ऊंच नीच धर्म की बात कही जा रही है। हम तो मुसलमान हैं तो अपने त्योहार में यह लोग क्यों आने देंगे। हमारी तरह ईद थोड़ी जो मीठी सेवइयां हम हर एक को खिलाते हैं। मोहब्बत मुसलमान पर फर्ज चिश्ती ने कहा- हुजूर को हम अपने मां-बाप से भी ज्यादा मानते हैं। यह हमारी जान है। उनकी मोहब्बत मुसलमान पर फर्ज है। अगर हमने बैनर लगाए तो पुलिस से परमिशन लेकर लगाएंगे क्या? इंडिया के हर सिटिजन को कहीं पर भी रहने और कारोबार करने का राइट है। देश का संविधान इसके गारंटी देता है।