उत्तर प्रदेश के हाथरस में डबल डेकर बस ने ईको वैन को टक्कर मार दी। हादसे में 6 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में दंपती समेत तीन लोग धौलपुर के राजाखेड़ा के रहने वाले थे, जबकि तीन लोग आगरा के थे। हादसा मंगलवार तड़के यमुना एक्सप्रेस-वे पर सादाबाद कोतवाली क्षेत्र में हुआ। दिल्ली से गोरखपुर जा रही बस ने ईको वैन को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि ईको करीब 10 फीट दूर जा गिरी और उसका पिछला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। मृतकों में धौलपुर के राजाखेड़ा स्थित गंगोलियापुरा निवासी दिनेश (50) पुत्र होतम सिंह और उनकी पत्नी सुनीता (45) भी शामिल हैं। पति-पत्नी होली मनाने के लिए नोएडा से अपने पैतृक गांव आ रहे थे। वहीं तीसरा मृतक लोकेश (25) पुत्र भूरी सिंह निवासी सोमली का घेर का रहने वाला था। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और सड़क पर शव बिखर गए। एक्सप्रेस-वे पर लंबा जाम लग गया। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। घायलों को तत्काल खंदौली (यूपी) सीएचसी ले जाया गया, जहां से तीन गंभीर घायलों को आगरा रेफर कर दिया गया। हाथरस एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा ने बताया- ईको में कुल 13 लोग सवार थे। हादसे में 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि ईको ड्राइवर वीरेंद्र समेत 7 लोग घायल है। घायलों को इलाज के लिए खंदौली थाना क्षेत्र के अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां से तीन को आगरा रेफर किया गया है। शुरुआती जांच में हादसा तेज रफ्तार और लापरवाही से ओवरटेक करने के कारण हुआ। बस ड्राइवर से पूछताछ की जा रही है। नोएडा में हलवाई का काम करते थे
दिनेश अपनी पत्नी सुनीता, दो बेटों राहुल (20) और सुमित (19) के साथ यूपी के नोएडा में रहते थे। वहीं पर करीब 30 साल से हलवाई का काम करते थे। दिनेश का छोटा भाई शिव सिंह भी नोएडा में मिठाई की दुकान पर काम करता है।
शिव सिंह ने बताया- रविवार को मैंने भैया से (दिनेश) गांव आने के बारे में बात की थी, लेकिन उन्होंने मना कर दिया था। इसके बाद मैं बस से गांव के लिए रवाना हुआ और सोमवार रात को गांव पहुंच गया। शिव सिंह ने बताया कि जब उठा तो बड़े भाई के फोन से घर पर फोन आया कि यमुना एक्सप्रेस वे पर हादसा हो गया है। घटना की जानकारी मिलते ही घर से मां गोविंदी, शिव सिंह की पत्नी ममता, दो भतीजे भोलू और छकोड़ी अपने ताऊ के लड़के मुकेश के साथ यूपी के लिए निकल गए। वहीं, दिनेश के दोनों बेटे राहुल और सुमित भी घटनास्थल के लिए रवाना हो गए। दिनेश के पिता होतम सिंह गांव में खेती करते हैं। जिनके चार बेटे और दो बेटियां है। सबकी शादी हो चुकी है। सबसे बड़ा दिनेश, बच्चू सिंह जिनकी तीन महीने पहले डेथ हो गई, शिव सिंह, संजू सिंह, बहन सावंती और सरोज हैं। लोकेश के तीन महीने पहले हुई थी लड़की
हादसे में जान गंवाने वाला लोकेश (25) पुत्र भूरी सिंह राजाखेड़ा के गांव सोमाली का घेर का रहने वाला था। लोकेश करीब 10 साल से दिल्ली में पेस्ट्री केक का काम करता था। लोकेश भी ईको में था और होली का त्योहार मनाने के लिए अपने गांव जा रहा था। लोकेश के पिता भूरी सिंह गांव में खेती बाड़ी का काम करते हैं। लोकेश की शादी 6 साल पहले हुई थी लोकेश के चार लड़कियां है। जिसमें सबसे छोटी लड़की 3 महीने की है।
