प्रतापगढ़ जिले के पीपलखूंट तहसीलदार योगेश जायसवाल का सोमवार को निधन हो गया। सुबह उन्हें सीने में दर्द की शिकायत हुई। परिजन उन्हें पीपलखूंट अस्पताल ले गए। तहसीलदार की पत्नी उषा जायसवाल ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि अस्पताल में न तो समय पर ऑक्सीजन मिली और न ही जरूरी जांचें हुईं। योगेश जायसवाल एक माह पहले ही पीपलखूंट में तहसीलदार बने थे। वे राजसमंद के सुभाष नगर के रहने वाले थे। उनके परिवार में पत्नी के अलावा बेटा रौनक और बेटी तनुश्री हैं। पत्नी के अनुसार, योगेश जायसवाल पिछले कुछ समय से कार्यभार और मानसिक दबाव में थे। तहसील में प्रशिक्षित स्टाफ की कमी के कारण सारा काम उन्हें ही देखना पड़ता था। इस घटना से प्रशासनिक गलियारों में शोक की लहर है। उनकी असामयिक मृत्यु की सूचना मिलते ही जिला कलेक्टर डॉ. अंजलि राजोरिया, एसपी बी. आदित्य सहित कई अधिकारी जिला अस्पताल पहुंचे और शोक व्यक्त किया। कलेक्टर डॉ. राजोरिया ने परिजनों से बात करते हुए संवेदना जताई और कहा कि, “यदि अस्पताल में उपचार में कोई लापरवाही हुई है तो उसकी जांच करवाई जाएगी और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई होगी। डॉक्टरों से रिपोर्ट ली जा चुकी है और परिजनों से भी मेरी बात हुई है।” फिलहाल शव को जिला अस्पताल की मॉर्च्युरी में रखा गया है और पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया के बाद पार्थिव शरीर परिजनों को सौंपा जाएगा।
