प्रतापगढ़ जिला चिकित्सालय में भारत आदिवासी पार्टी का मौन प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी है। पार्किंग शुल्क बंद करने की मांग को लेकर रविवार सुबह 7 बजे से शुरू हुआ ये आंदोलन बिना रुके चल रहा है। पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य रमेश निनामा ने सोमवार को कहा कि जिला अस्पताल में मरीजों और परिजनों से पार्किंग शुल्क वसूलना अनुचित है। उन्होंने कहा कि ये अवैध वसूली वर्षों से जारी है। जब तक शुल्क पूर्णतः बंद नहीं होता, प्रदर्शन स्थल नहीं छोड़ा जाएगा। जिला कलेक्टर और सीएमएचओ को इस बारे में सूचित किया गया है। उपखंड अधिकारी अश्विनी मालू और थाना अधिकारी दीपक बंजारा ने प्रदर्शनकारियों से बातचीत की। कार्यकर्ताओं ने टेंडर निरस्त करने का लिखित आश्वासन मांगा है। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि मांगें नहीं मानी गईं तो भूख हड़ताल शुरू करेंगे। निनामा ने बताया कि मौन प्रदर्शन को आम जनता का भी अपार समर्थन मिल रहा है। अस्पताल परिसर में लगाए गए हस्ताक्षर बोर्ड पर अब तक 3 हजार से अधिक लोग हस्ताक्षर कर चुके हैं और आंदोलन के पक्ष में अपनी सहमति दर्ज करवा चुके हैं। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन सिर्फ पार्किंग शुल्क के खिलाफ है, प्रदर्शन का असर अस्पताल के माहौल पर भी दिखने लगा है। पार्किंग स्टैंड पूरी तरह खाली हो गया है। सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात किया गया है। रमेश निनामा ने चेतावनी दी कि प्रशासन अगर मौन प्रदर्शन को हल्के में लेगा, तो आंदोलन और उग्र हो सकता है। उन्होंने कहा कि जनता का धैर्य अब जवाब दे रहा है, इसलिए प्रशासन को तत्काल हस्तक्षेप कर पार्किंग शुल्क पूर्णतः बंद करना चाहिए। भारत आदिवासी पार्टी के प्रत्याशी रहे मांगीलाल ननामा के नेतृत्व में ये मौन धरना प्रदर्शन किया जा रहा है। धरना प्रदर्शन को समर्थन देने के लिए भील प्रदेश मुक्ति मोर्चा के बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कार्यकर्ता पहुंचे।
