मोगा जिले की सबसे बड़ी लंगेआणा ड्रेन (नाले) की समय पर सफाई न होने के कारण स्थानीय किसानों में पंजाब के ड्रेनेज विभाग के खिलाफ भारी रोष है। यह ड्रेन इस समय गाद, मिट्टी और जलकुंभी से पूरी तरह पट चुकी है। किसानों का आरोप है कि विभाग द्वारा ड्रेन की शत-प्रतिशत सफाई के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत इसके बिल्कुल उलट है। इससे आगामी मानसून (बरसात) के सीजन में फसलों के बर्बाद होने का खतरा पैदा हो गया है। केवल कुछ जगहों पर दिखावे की सफाई, भलूर में हालात जस के तस किसानों ने बताया कि लंगेआणा ड्रेन की बदहाली का यह मुद्दा कई वर्षों से बना हुआ है। जब भी मीडिया में इस समस्या को प्रमुखता से उठाया जाता है, तब जाकर विभाग थोड़ी-बहुत सुध लेता है। इस बार भी ड्रेनेज विभाग ने खुद पूरी ड्रेन साफ कराने का दावा किया था, लेकिन यह केवल एक दिखावा साबित हुआ। विभाग ने सिर्फ कुछ चुनिंदा जगहों से आंशिक रूप से घास-फूस हटवाकर अपना पल्ला झाड़ लिया। उदाहरण के लिए, गांव भलूर के इलाके में ड्रेन आज भी भारी जलकुंभी से अटी पड़ी है। कृषि भूमि के बराबर आया नाले का तल, बाढ़ की आशंका ड्रेन की स्थिति इतनी बदतर हो चुकी है कि लगातार जमा हो रही गाद और मिट्टी के कारण इसका तल (तलहटी) उठकर आसपास के खेतों की जमीन के बराबर आ चुका है। बरसात का मौसम शुरू होने में अब बहुत कम समय बचा है। किसानों को आशंका है कि यदि अब थोड़ी भी बारिश हुई, तो नाले का पानी ओवरफ्लो होकर उनकी कृषि भूमि में भर जाएगा, जिससे करोड़ों रुपये की फसलें जलमग्न होकर नष्ट हो जाएंगी। रिकॉर्ड की जांच और ड्रेन को गहरा करने की मांग परेशान किसानों ने पंजाब सरकार से गुहार लगाई है कि लंगेआणा ड्रेन की केवल ऊपरी तौर पर नहीं, बल्कि पूरी तरह से मशीनें लगाकर सफाई करवाई जाए, जमी हुई गाद को बाहर निकाला जाए और नाले को गहरा किया जाए। इसके साथ ही, किसानों ने एक गंभीर आरोप लगाते हुए मांग की है कि विभाग के सफाई कार्य के सरकारी रिकॉर्ड और खर्च के बजट की गहनता से जांच की जाए। उन्हें शक है कि अधिकारी कागजों में पूरी सफाई दिखाकर सरकारी धन की खानापूर्ति कर रहे हैं। यदि जांच में ऐसी कोई गड़बड़ी मिलती है, तो दोषी कर्मचारियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। एसडीओ बोले- खुद करूंगा निरीक्षण, कमी मिली तो दोबारा होगी सफाई इस पूरे मामले और किसानों की नाराजगी को लेकर जब ड्रेनेज विभाग के संबंधित एसडीओ (SDO) से बात की गई, तो उन्होंने सफाई पेश की। एसडीओ ने आश्वासन दिया कि वे जल्द ही खुद मौके पर जाकर लंगेआणा ड्रेन का निरीक्षण करेंगे। यदि जांच के दौरान कहीं भी सफाई अधूरी या लापरवाही पाई जाती है, तो वहां तुरंत दोबारा से मुस्तैदी के साथ सफाई कार्य शुरू करवाया जाएगा ताकि आगामी बरसात में किसानों को किसी भी तरह का नुकसान या परेशानी न झेलनी पड़े।
