मुख्यमंत्री ने गड़बड़ियों में शामिल और ड्यूटी में लापरवाही करने पर दो RPS अफसरों और एक महिला जेल डिप्टी सुपरिटेंडेंट के खिलाफ एक्शन को मंजूरी दी है। सीएम ने जयपुर महिला जेल की डिप्टी सुपरटेंडेंट संचिता विश्नोई को सस्पेंड करने और दो आरपीएस अफसरों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने की मंजूरी दी है। सीएम ने कानून व्यवस्था पर बैठक के अगले ही दिन पुलिस अफसरों के खिलाफ मिली शिकायतों के बाद कार्रवाई को मंजूरी दी है। जयपुर के महिला बंदी सुधार गृह की डिप्टी सुपरिटेंडेंट सरोज विश्नोई को तत्काल सस्पेंड कर मुख्यालय जयपुर से भरतपुर किया गया है। सरोज विश्नोई के खिलाफ शिकायतें मिली थीं कि वे एक महिला कैदी को अपने साथ रखती थीं। महिला बंदी का दफ्तर के कामों में कर्मचारियों की तरह हस्तक्षेप था। सरोज विश्नोई पर पैसे लेकर बंदियों को नियम विरूद्ध सुविधाएं उपलब्ध करवाए जाने की भी शिकायतें थीं। जोधपुर के साइबर क्राइम एसीपी देरावर सिंह के खिलाफ विभागीय एक्शन मुख्यमंत्री ने जोधपुर पुलिस कमिश्नरेट में साइबर क्राइम के एसीपी देरावर सिंह के खिलाफ अनुशसनिक कार्रवाई करने की मंजूरी दी है। देरावर सिंह को 16 सीसी की चार्जशीट देने की मंजूरी दी है। देरावर सिंह ने डीग के कामां थाने में इंस्पेक्टर रहते हुए हत्या के एक गंभीर अपराध में आठ में से केवल एक आरोपी को जांच में दोषी मानते हुए सात दोषियों को बचाने का प्रयास किया थाा। इस मामले की शिकायत हुई। देरावर सिंह की भूमिका पाए जाने पर अब सीएम ने सख्ती दिखााते हुए एक्शन लिया है। बजरी माफियाओं पर कार्रवाई में निर्देश नहीं माने, आरपीएस लाभुराम बिश्नोई के खिलाफ कार्रवाई मुख्यमंत्री ने आरपीएस लाभुराम विश्नोई के खिलाफ आरोपों को प्रमाणित मानते हुए विभागीय जांच रिपोर्ट को मंजूरी दी है। लाभुराम विश्नोई ने सवाईमाधोपुर के चौथ का बरवाड़ा क्षेत्र में बनास नदी में बजरी माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई के दौरान अवैध खनन और अवैध बजरी परिवहन के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई नहीं की। इससे क्षेत्र में कानून व्यवस्था बिगड़ने के हालात पैदा हो गए। खुद सहित पुलिस जाब्ते की जान को जोखिम में डाला। साथ ही, कार्रवाई के लिए संबंधित विभागों के साथ कोई समन्वय भी नहीं किया।