बाड़मेर लोक अदालत में कर्ज में डूबे किसान का कर्ज का सेटलमेंट किया गया। 3.50 की जगह 1.20 रुपए भराकर लोन बंद किया गया। किसान को यह रुपए गांव के लोगों की मदद से बैक में जमा करवाए गए। इसके बाद बुजुर्ग की आंखों में खुशी छा गई। बुजुर्ग ने जिला सेंशन न्यायधीश अजिताभ आचार्य को हाथ जोड़कर शुक्रिया अदा किया। जज ने सामने हाथ जोड़े दिए। दरअसल, देरासर निवासी रहीम खान पुत्र सुरतान खान ने कई साल पहले किसान क्रेडिट कार्ड से 1 लाख 15 हजार रुपए का लोन लिया था। लेकिन परिवारिक स्थिति और आर्थिक स्थिति खराब होने की वजह से लोन जमा नहीं करवाया पाया। जिसका लोन ब्याज लगते-लगते अब 3.50 लाख रुपए हो गए थे। रहीम खान के पास भरने के लिए रुपए नहीं थे। गांव के लोगों ने बैंक वकील और बैक संपर्क किया। शनिवार को होने वाली लोक अदालत में मामले को रखा गया। वकील पुरूषोतम सोलंकी ने बैक और किसान के बीच मध्यस्थता करवाई गई। बैंक ने 3.50 लाख रुपए का सेटलमेंट करते हुए 1.20 रुपए में सहमति बन गई। इसके बाद बुजुर्ग के रिश्तेदारों और गांव के लोगों 1.20 लाख रुपए जमा करवाए। इसके बाद बैंक ने बुजुर्ग के लोन को बंद कर दिया गया। बुजुर्ग के दो बेटे है, एक की डेथ दूसरा बीमार गांव वालों ने बताया कि बुजुर्ग किसान के बड़े बेटे की कुछ साल पहले डेथ हो गई थी। वहीं दूसरा बेटा बीमार चल रहा है। वही परिवार की आर्थिक स्थिति खराब है।
