डीडवाना-कुचामन जिले के मौलासर स्थित राजकीय कृषि महाविद्यालय में मंगलवार को छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। लंबे समय से कॉलेज की बदहाली और प्रशासनिक अनदेखी से परेशान छात्र-छात्राओं के सब्र का बांध टूट गया। आक्रोशित छात्रों ने कॉलेज के मुख्य गेट पर ताला लगा दिया। इसके कारण दो शिक्षक और एक सुरक्षाकर्मी अंदर ही बंद हो गए। कॉलेज में हंगामे और तालाबंदी की सूचना पर तहसीलदार तुकाचंद दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने छात्रों को समझाकर ताला खुलवाने का प्रयास किया, लेकिन छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे। ​45 डिग्री तापमान में धरना, एक छात्र हुआ बेहोश ​इलाके में इन दिनों भीषण गर्मी का दौर जारी है। मंगलवार को भी पारा 45 डिग्री सेल्सियस के करीब रहा। इस झुलसाने वाली धूप और लू के बीच छात्र कॉलेज के बाहर धरने पर बैठ गए और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान एक छात्र की तबीयत अचानक बिगड़ गई और वह बेहोश होकर जमीन पर गिर गया। छात्र के बेहोश होते ही मौके पर हड़कंप मच गया। उसे तुरंत स्थानीय अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उसका इलाज चल रहा है। छात्रों ने चेतावनी दी है कि इस स्थिति में यदि किसी भी विद्यार्थी को कुछ होता है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। ​एक रूम में 175 छात्र, 5 संविदा शिक्षकों के भरोसे कॉलेज ​छात्रों ने जिला कलेक्टर के नाम सौंपे मांग पत्र में कॉलेज की अव्यवस्थाओं को उजागर किया है: ​एक कमरा, तीन क्लास: कॉलेज में थर्ड ईयर की कक्षाएं शुरू हो चुकी हैं। वर्तमान में 175 छात्र रजिस्टर्ड हैं, लेकिन पढ़ाई के लिए केवल एक ही क्लासरूम है। इसी एक कमरे में तीन बैच बैठ रहे हैं। ​पानी तक की व्यवस्था नहीं: जिस अस्थाई भवन में कॉलेज चल रहा है, वहां छात्रों के लिए पीने के पानी तक का स्थाई इंतजाम नहीं है। ​स्टाफ की कमी: पूरा कॉलेज केवल 5 संविदा (कॉन्ट्रैक्ट) लेक्चरर के भरोसे चल रहा है। ​टूर पर रोक: नियमों के मुताबिक थर्ड ईयर के छात्रों को मिलने वाले एजुकेशनल टूर की सुविधा भी अब तक नहीं दी गई है।
​नई बिल्डिंग तैयार, फिर भी शिफ्टिंग नहीं ​प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि कृषि महाविद्यालय का नया और आधुनिक भवन बनकर पूरी तरह तैयार हो चुका है। इसके बावजूद प्रशासन छात्रों को वहां शिफ्ट नहीं कर रहा है। छात्रों को बार-बार केवल तारीख और कोरे आश्वासन मिल रहे हैं, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है और वे मानसिक तनाव में हैं। छात्रों ने दो टूक कहा कि जब तक कॉलेज को नए भवन में शिफ्ट नहीं किया जाता और व्यवस्थाएं नहीं सुधरतीं, उनका आंदोलन और उग्र होगा।
कॉलेज के छात्र दीपक ने बताया कि हम अपनी मांगों को लेकर पहले भी कई बार प्रदर्शन कर चुके हैं लेकिन प्रशासन की तरफ से केवल आश्वासन के अलावा कुछ नहीं मिला। अब जब तक हमारी मांगें पुरी नहीं की जाती हम प्रदर्शन जारी रखेंगे।
मौलासर तहसीलदार तुकाचंद ने बताया कि छात्रों की लम्बे समय से मांगे चल रही है। बिल्डिंग अभी विभाग को सुपुर्द नहीं हुई है। छात्रों की मांगो को लेकर उच्च अधिकारीयों को अवगत करवा दिया गया है। छात्रों से समझाईस की कोशिश की है लेकिन छात्र अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।