दिव्यांगों, विधवाओं और बुजुर्गों की सामाजिक सुरक्षा पेंशन बढ़ाने की सरकारी गारंटी को लागू करवाने के लिए ‘पंजाब दिव्यांग एक्शन कमेटी’ ने सरकार के खिलाफ अपना संघर्ष तेज करने का बड़ा फैसला लिया है। कमेटी ने ऐलान किया है कि इसी महीने ब्यास दरिया के पुल पर राज्य स्तरीय ‘दिन-रात का पक्का मोर्चा’ (धरना) लगाया जाएगा। किसान व दिव्यांग नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से उनके 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल की सीधी बैठक नहीं कराई जाती, तब तक नेशनल हाईवे पर यह धरना अनिश्चितकाल के लिए जारी रहेगा। मांगों का समाधान न होने से जरूरतमंदों और दिव्यांगों में भारी रोष कमेटी के अमृतसर जिला प्रधान बलविंदर सिंह निज्जर, जंडियाला गुरु के ब्लॉक प्रधान सुखदेव सिंह मानांवाली, वेरका के ब्लॉक प्रधान सिकंदर फताहपुर और तरनतारन के जिला प्रधान गुरप्रीत सिंह गिल ने एक संयुक्त बयान जारी कर बताया कि वे पिछले लंबे समय से अपनी जायज मांगों को लेकर सरकार के समक्ष आवाज उठा रहे हैं। लेकिन सरकार के उदासीन रवैये के कारण दिव्यांगों, बुजुर्गों और असहाय विधवाओं में नाराजगी और रोष दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है। 15 अगस्त के प्रदर्शन के बाद वित्त मंत्री ने दिया था भरोसा दिव्यांग नेताओं ने याद दिलाया कि इससे पहले 15 अगस्त को भी ब्यास दरिया पर राज्य स्तरीय बड़ा प्रदर्शन किया गया था। उस समय अमृतसर जिला प्रशासन ने हस्तक्षेप करते हुए चंडीगढ़ में वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के साथ प्रतिनिधिमंडल की विशेष बैठक तय करवाई थी। बैठक के दौरान वित्त मंत्री ने आश्वासन दिया था कि 15 दिनों के भीतर दोबारा बैठक बुलाकर पेंशन में सम्मानजनक वृद्धि की आधिकारिक घोषणा कर दी जाएगी। एक महीना बीतने पर भी वादाखिलाफी का आरोप नेताओं का आरोप है कि वित्त मंत्री के आश्वासन को एक महीने से भी अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन न तो पेंशन बढ़ाने से जुड़ी कोई घोषणा की गई और न ही पंजाब सरकार की ओर से अगली बैठक का कोई बुलावा आया। सरकार की इस वादाखिलाफी से आहत होकर ही एक्शन कमेटी को दोबारा नेशनल हाईवे और ब्यास दरिया पर पक्का मोर्चा लगाने का कड़ा फैसला लेने पर मजबूर होना पड़ा है। सीएम भगवंत मान से 11 सदस्यीय शिष्टमंडल की बैठक की मांग कमेटी के पदाधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा है कि इस बार केवल आश्वासनों से काम नहीं चलेगा। जब तक मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान स्वयं 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात कर पेंशन बढ़ोतरी की मांग को अमलीजामा नहीं पहनाते, तब तक ब्यास दरिया पर नेशनल हाईवे को जाम कर दिन-रात का प्रदर्शन जारी रखा जाएगा।