इस साल पर्युषण पर्व की शुरुआत 8 सितंबर 2026 से हो रही है और इसका समापन 15 सितंबर 2026 को होगा. इस अवधि में श्रद्धालु उपवास, एकासन, ग्रंथों का अध्ययन, ध्यान और प्रवचन सुनने कार्यों में ध्यान देते हैं. पर्युषण में उपवास का अर्थ केवल भोजन का त्याग करना नहीं है, बल्कि इसमें मन, वचन और कर्म शुद्धि पर भी ध्यान केंद्रित करना होता है.
