अजमेर की गंज थाना पुलिस ने नकली नोट तैयार करने वाले मास्टरमाइंड वेल्डिंग मिस्री को गिरफ्तार किया। पुलिस ने नोटों से भरा थैला लेकर खड़े आरोपी को पकड़ने के लिए घेर लिया और उसके बैग की तलाशी ली। बैग से 13 लाख 6 हजार रुपए के नकली नोट और नोटों की प्रिंटिंग में इस्तेमाल होने वाली शीटें बरामद हुई हैं। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी नकली नोट तैयार कर उन्हें बाजार में खपाने की तैयारी में था। आरोपी प्रिंस हिल्स कॉलोनी, बड़ी नागफणी(अजमेर) निवासी विक्रम जोन (27) पेशे से वेल्डिंग का काम करता है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वह नकली नोट कहां से लाता था और इन्हें किसे सप्लाई करने वाला था। आरोपी कितने समय से इस अवैध गतिविधि में शामिल था और उसके नेटवर्क में कौन-कौन लोग जुड़े हुए हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई महानिरीक्षक पुलिस, अजमेर रेंज राजेंद्र सिंह और एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला के निर्देश पर चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक(ASP) (शहर एवं मुख्यालय) हिमांशु जांगिड़ के सुपरविजन और सीओ (दरगाह) लक्ष्मण राम चौधरी के निर्देशन में गंज थाना प्रभारी महावीर सिंह राठौड़ के नेतृत्व में टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। जबकि मामले की जांच दरगाह थाना प्रभारी दिनेश जीवनानी को सौंपी गई है। मुखबिर की सूचना पर घेराबंदी शनिवार को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि विक्रम जोन (27) घी मंडी स्थित सरकारी स्कूल के पास आसमानी रंग का बैग लेकर खड़ा है और उसके पास नकली नोट है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ लिया। बैग से मिले नकली नोट और प्रिंटेड शीटें तलाशी के दौरान आरोपी के बैग से 500-500 रुपए के नकली नोट और नोटों की छपी हुई शीटें बरामद हुईं। इनकी कुल अंकित कीमत 13 लाख 6 हजार रुपए पाई गई। पूछताछ में आरोपी ने बरामद नोटों के नकली होने की बात स्वीकार की। बीएनएस की धाराओं में मामला दर्ज पुलिस ने बरामद नकली नोट और प्रिंटेड शीटें जब्त कर आरोपी को भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा 178, 179 और 180 के तहत गिरफ्तार कर लिया है। मामले की जांच जारी है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि आरोपी किसी बड़े गिरोह से जुड़ा है या नहीं और नकली नोटों की छपाई व सप्लाई का नेटवर्क कहां तक फैला है। इस कार्रवाई के लिए अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक(एएसपी) (शहर एवं मुख्यालय) हिमांशु जांगिड़ के सुपरविजन और सीओ (दरगाह) लक्ष्मण राम चौधरी के निर्देशन में विशेष टीम का गठन किया गया। गंज थाना पुलिस की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर जिले में जाली नोटों की बड़ी खेप बरामद करने में सफलता हासिल की। ————— ये खबरें भी पढ़िए… पहली बार कैमरे पर नकली नोट गिरोह : 1 लाख के बदले 10 लाख के नोट, दावा- एटीएम भी नहीं पकड़ सकता, पार्ट-1
पहली बार कैमरे पर देखिए आपके पर्स तक नकली नोट पहुंचने वाले गैंग के चेहरे। इंस्टाग्राम की एक रील से शुरू हुई इन्वेस्टिगेशन नकली नोटों के उस सिंडीकेट तक ले गई, जो रील्स में काउंटिंग मशीन में डालकर दावा करते हैं- ये नोट न मशीन पकड़ पाएगी न एटीएम। पूरी खबर पढ़िए… नकली नोट में गांधीजी का वाटरमार्क, सिल्वर लाइन भी:एक पेपर पर छपते 500 के 3 नोट, इंडस्ट्री की तरह गैंग में प्रोडक्शन दैनिक भास्कर एप की स्पेशल सीरीज के पहले पार्ट में आपने ऑन कैमरा नकली नोट माफिया के चेहरे देखे। भास्कर रिपोर्टर ने ग्राहक बनकर पूरे नेटवर्क को एक्सपोज किया। भास्कर की पड़ताल में नकली नोट बनाने वाले एक और गैंग का सच सामने आया। ये गैंग किसी इंडस्ट्री की तरह ही नेटवर्क चला रहा था। प्रोडक्शन, मार्केटिंग और डिस्ट्रीब्यूशन का जिम्मा गैंग के अलग-अलग सदस्यों के पास। पूरी खबर पढ़िए…