जालोर में 30 मिनट पहले जन्मी मासूम को अज्ञात व्यक्ति एक मकान की छत पर छोड़ गया। गुलाबी चुनरी में लिपटी नवजात छत की बाउंड्रीवाल पर पड़ी थी। मकान मालिक का बेटा छत पर सूख रहे कपड़े लेने गया तो मासूम को नीचे उतारा और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने नवजात को हॉस्पिटल में भर्ती करवाया। डॉक्टरों ने कहा कि बच्ची का जन्म आधे घंटे पहले ही हुआ है। मासूम फिलहाल स्वस्थ है। घटना रविवार को कोतवाली थाना क्षेत्र के लाल पोल इलाके में शाम करीब साढ़े 4 बजे की है। मकान मालिक जावेद खान का कहना है कि पता नहीं किसने नवजात को हमारे मकान की छत पर छोड़ा है। हमने पुलिस को जल्दी से जांच कर मामले का खुलासा करने की मांग की है। देखिए… घटनाक्रम से जुड़ी 3 तस्वीरें मकान मालिक जावेद ने बताया कि सबसे पहले मेरे बेटे समीर ने नवजात को देखा। शाम करीब साढ़े 4 बजे समीर छत पर कपड़े लेने गया था। तभी बाउंड्रीवाल पर एक कोने में गुलाबी कलर की चुनरी में एक नवजात लिपटी पड़ी थी।समीर ने बताया कि मासूम चुनरी में लिपटी थी, दीवार से गिरने वाली ही थी, तब ही उसे पकड़ लिया और गोदी में उठा लिया। फिर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मासूम को हॉस्पिटल पहुंचाया
सूचना पर पहुंची एएसआई सगुणा, कॉन्स्टेबल सुनीता और सुरेन्द्र सिंह ने घर से बिस्तर लेकर बच्ची को उसमें लपेटा। पुलिस गाड़ी से महिला अस्पताल पहुंचाया। इसके बाद शिशु एवं स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के लिए लेकर पहुंचे। पुलिस ने मामले की रिपोर्ट तैयार कर जांच शुरू कर दी है। शिशु विशेषज्ञ बोले- आधा घंटे पहले हुआ नवजात का जन्म
जालोर के शिशु केंद्र में नवजात शिशु विशेषज्ञ डॉ. मुकेश चौधरी ने नवजात की जांच की। डॉक्टर ने बताया कि मासूम का जन्म करीब आधे घंटे पहले ही हुआ है। इसका वजन करीब 3 किलो है। मासूम की अन्य जरूरी जांचें भी की जा रही है। जांचें पूरी होने के बाद बच्ची को बाल कल्याण समिति को सौंप दिया जाएगा। ………………… नवजात से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… मुंह में पत्थर ठूंसकर बच्चे को जंगल में फेंका, VIDEO:रोने की आवाज नहीं आए, इसलिए फेवीक्विक लगाया; जलाने के भी निशान मिले भीलवाड़ा में मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। 15 दिन के मासूम को जंगल में फेंक दिया। रोने की आवाज न आए, इसलिए उसके मुंह में पत्थर ठूंसकर फेवीक्विक से चिपका दिया। पूरी खबर पढ़िए