मोगा में युवाओं को स्वरोजगार योजनाओं का अधिकतम लाभ दिलाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। अतिरिक्त उपायुक्त (न्यायालय) जसपिंदर सिंह की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में स्वरोजगार से जुड़े विभिन्न विभागों और बैंकिंग संस्थानों के अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य पंजाब और केंद्र सरकार की विभिन्न स्वरोजगार योजनाओं के तहत युवाओं को दिए जा रहे ऋण (लोन) और अन्य सहायता कार्यों की प्रगति की समीक्षा करना था। अतिरिक्त उपायुक्त जसपिंदर सिंह ने सभी संबंधित विभागों को कड़े निर्देश दिए कि वे स्वरोजगार से जुड़ी अपनी प्रदर्शन रिपोर्ट निर्धारित समय सीमा के भीतर जिला रोजगार कार्यालय, मोगा को अनिवार्य रूप से भेजें। उन्होंने स्पष्ट किया कि समय पर रिपोर्टिंग होने से सभी विभागों का डेटा एकत्र कर सरकारी पोर्टल पर दर्ज किया जा सकेगा, जिससे योजनाओं की वास्तविक प्रगति का सही आकलन हो सकेगा। पीजीआर.कॉम पोर्टल पर दर्ज होंगे आंकड़े जिला रोजगार सृजन, कौशल विकास एवं प्रशिक्षण अधिकारी जीवंदीप सिंह ने भी बैठक में सभी विभागों से अपील की कि वे निर्धारित प्रारूप (प्रोफॉर्मा) के अनुसार जानकारी समय पर उपलब्ध कराएं। उन्होंने बताया कि इस तालमेल से जिले के स्वरोजगार संबंधी आंकड़े समय पर एकत्र होकर ‘पीजीआर.कॉम’ पोर्टल पर पंजीकृत किए जा सकेंगे, जो युवाओं की ट्रैकिंग में मददगार साबित होगा। तहसील और ब्लॉक स्तर पर लगेंगे स्वरोजगार शिविर अतिरिक्त उपायुक्त ने जिला रोजगार कार्यालय को निर्देश दिया कि वे सभी संबंधित विभागों के सहयोग से तहसील और ब्लॉक स्तर पर विशेष स्वरोजगार शिविरों का आयोजन करें। उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य युवाओं को न केवल रोजगार चाहने वाला बनाना है, बल्कि उन्हें उद्यमिता के अवसर प्रदान करके रोजगार सृजनकर्ता (रोजगार देने वाला) बनाना है। इसके लिए विभिन्न विभागों और बैंकिंग संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय होना बेहद जरूरी है ताकि अधिकतम पात्र युवाओं को लाभ मिल सके। इन प्रमुख विभागों के प्रतिनिधि रहे उपस्थित लीड बैंक और जिला उद्योग केंद्र मुख्य कृषि अधिकारी और बागवानी विभाग पंजाब अनुसूचित जाति भूमि विकास एवं वित्त निगम पंजाब पिछड़ा वर्ग भूमि विकास एवं वित्त निगम डेयरी विभाग, पशुपालन विभाग और मत्स्य विभाग ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान (RSETI), मोगा