लुधियाना में ट्रैवल एजेंट रह चुका नितिश घई पर अब सट्टेबाजी के धंधे में जुड़ने के आरोप लग रहे हैं। नितिश घई के खिलाफ पुलिस ने ऑनलाइन क्रिकेट मैच पर सट्टा लगाकर एक व्यापारी को ठगने के मामले में FIR दर्ज की है।पुलिस ने नितिश घई व उसके दो अन्य साथियों मन्नू हटवाल व पंकज वर्मा के खिलाफ भी थाना बस्ती जोधेवाल में मामला दर्ज किया है। नितिश घई के खिलाफ पूर्व में इमिग्रेशन एक्ट के तहत अलग-अलग थानों में 100 ज्यादा एफआईआर दर्ज पले हो चुकी हैं। लुधियाना के व्यापारी योगश गुप्ता ने पुलिस को दी शिकायत में कहा है कि नितिश घई ने उसे ऑनलाइन क्रिकेट में सट्टा लगाकर मोटा मुनाफा कमाने का लालच दिया। उसने जब पैसे लगाए तो उसे कोई भी रकम वापस नहीं दी गई। पुलिस ने मामला भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धाराओं के तहत दर्ज किया गया। पुलिस कमिश्नर को दी शिकायत तो हुई FIR व्यापारी योगेया कुमार को जब नितिश घई व उसके दो साथियों ने सट्टेबाजी के नाम पर ठगा तो उसने पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने कार्रवाई नहीं की तो योगेश गुप्ता पुलिस कमिश्नर के पास पेश हुए। पुलिस कमिश्नर ने मामले की जांच करवाई और जांच के बाद नितिश घई, मन्नू अटवाल व पंकज वर्मा के खिलाफ पर्चा दर्ज हुआ। नितिश घई पर इमिग्रेशन के 100 से ज्यादा पर्चे दर्ज नितिश घई के खिलाफ इमिग्रेशन में ठगी को लेकर 100 से ज्यादा मामले दर्ज हुए थे। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग जांच के दौरान घई की कई संपत्तियों को अटैच किया था। उसमें से कई मामले अभी कोर्ट में विचाराधीन हैं। शिकायतकर्ता बोला, अवैध व्यवसायों में संलिप्त शिकायतकर्ता योगेश गुप्ता ने पुलिस को दी शिकायत में आरोप लगाया कि घई कई अवैध व्यवसायों में शामिल है। उसके अनुसार, आरोपी गरीब परिवारों के लोगों के नाम पर जीएसटी नंबर के लिए आवेदन करता है और करंट अकाउंट खुलवाता है। इन खातों का इस्तेमाल सट्टेबाजी और अन्य अवैध प्लेटफॉर्म से आए पैसे को जमा करने के लिए किया जाता है। जान से मारने की धमकी दी योगेश गुप्ता ने आरोप लगाया कि आरोपी ने उसे और उसके परिवार के सदस्यों को जान से मारने की धमकी दी, जिसका सबूत उसके पास मौजूद वॉट्सएप चैट और वॉयस रिकॉर्डिंग है। उसने कहा कि आरोपियों से उसे जान का खतरा भी है। अब भी चला रहा ट्रेवल बिजनेस एसीपी इंडस्ट्रियल एरिया ए इंद्रजीत सिंह ने कहा कि नितीश घई के खिलाफ इमीग्रेशन एक्ट के तहत कई पर्चे दर्ज हैं। इसके बावजूद वो अब भी किसी अन्य के नाम से ट्रैवल बिजनेस चलाता रहा है।उन्होंने कहा कि एक स्थानीय इमिग्रेशन एजेंसी द्वारा किए गए धोखाधड़ी मामलों की जांच में घई का नाम सामने आया। एसीपी के अनुसार फोकल प्वाइंट पुलिस ने फरवरी में इमिग्रेशन एक्ट के तहत दो मामले दर्ज किए। पुलिस ने वीर पैलेस, मुंडियां कलां के पास एम्पावर इमिग्रेशन चलाने वाले कई लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया, जिन्होंने अमृतसर और जालंधर के निवासियों को विदेश भेजने के बहाने ठगने का आरोप है। “प्रोडक्शन वारंट पर लाए गए आरोपियों से पूछताछ के दौरान घई का नाम सामने आया और उसे दोनों एफआईआर में जोड़ा गया। अब उसे पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है।
