मोगा के थाना सदर पर 8 जुलाई को हुए ग्रेनेड हमले के मामले में पुलिस ने एक और आरोपी मक्खू निवासी रंजीत को पुलिस ने अरेस्ट किया है। इस मामले में अब तक 18 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें हमले को अंजाम देने वाले 3 मुख्य आरोपी भी शामिल हैं। पुलिस ने बताया कि जांच के दौरान एक आईईडी, विस्फोटक सामग्री, इलेक्ट्रॉनिक डेटोनेटर, 9 एमएम ग्लॉक पिस्तौल, मैगजीन और वारदात में इस्तेमाल स्प्लेंडर मोटरसाइकिल बरामद की गई थी। पुलिस का दावा है कि इस कार्रवाई से एक संभावित आतंकी साजिश का खुलासा हुआ है। डीजीपी गौरव यादव ने भी इस मामले में बताया था कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि यूके में रह रहा इकबाल सिंह उर्फ रवि धालीवाल इस नेटवर्क का मुख्य साजिशकर्ता है। पुलिस का आरोप है कि उसके कहने पर आरोपियों ने थाना सदर मोगा पर ग्रेनेड फेंका था। इसके बाद फिरोजपुर से जम्मू जाने वाली ट्रेन में आईईडी लगाने की योजना बनाई जा रही थी। 8 जुलाई की रात किया था धमाका थाना सदर की इमारत पर 8 जुलाई की रात करीब 3.15 बजे अज्ञात लोगों ने कम तीव्रता वाला ग्रेनेड फेंका था। जांच में तकनीकी और मानवीय खुफिया जानकारी के आधार पर गगन उर्फ काली (ढेरू, फिरोजपुर), राजेश उर्फ खन्ना (लाल कुड़ती कैंट, फिरोजपुर) और शुभम उर्फ भिंडर (कोतवाल, फिरोजपुर) को गिरफ्तार किया गया। पुलिस इन्हें हमले का मुख्य आरोपी बता रही है। आरोपी से पूछताछ जारी जांच के दौरान लाजर उर्फ अमन और उसकी पत्नी परवीन कौर समेत कई और लोगों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, इन पर मॉड्यूल के सदस्यों को लॉजिस्टिक मदद, नेटवर्क बढ़ाने और रहने के ठिकाने उपलब्ध कराने का आरोप है। पुलिस ने मक्खू निवासी रंजीत को भी गिरफ्तार किया है। उससे पूछताछ जारी है।
