VPF Interest Rate: नौकरीपेशा लोग रिटायरमेंट के लिए बड़ा फंड बनाना चाहते हैं, तो उन्हें छोटी-छोटी बचत को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। कर्मचारी भविष्य निधि यानी EPF में पैसा जमा करने वाले कर्मचारी चाहें तो इसमें अपनी तरफ से अतिरिक्त रकम भी जोड़ सकते हैं। इसके लिए वॉलंटरी प्रोविडेंट फंड (VPF) का विकल्प मिलता है। मान लीजिए कोई कर्मचारी हर महीने अपनी सैलरी से 5,000 रुपये एक्स्ट्रा वीपीएफ में जमा कराए और यह सिलसिला 20 साल तक जारी रखे, तो 8.25% सालाना ब्याज के हिसाब से यह रकम बढ़कर करीब 30.4 लाख रुपये हो सकती है। इसमें कर्मचारी द्वारा अपनी तरफ से जमा की गई कुल रकम 12 लाख रुपये होगी, जबकि 18.4 लाख रुपये की रकम ब्याज और चक्रवृद्धि इफेक्ट के चलते जुड़ सकती है। हालांकि, यह एक अनुमान है। ईपीएफ की ब्याज दर हर वित्त वर्ष के लिए तय होती है, जिसके हिसाब से वास्तविक रिटर्न कम या ज्यादा हो सकता है।