बाड़मेर में अतिक्रमण हटाने गए यूआईटी सेक्रेटरी व आरएएस अफसर ने आरएलपी नेता को गाली दी। यूआईटी सेक्रेटरी श्रवण सिंह राजावत और स्थानीय आरएलपी नेता हनुमान बेनीवाल में कहासुनी बढ़ गई। यूआईटी सेक्रेटरी ने यह तक कह दिया कि पहले इसका इलाज करो। यहां तक कि राजावत ने वहां मौजूद टीम को पहले आरएलपी नेता के ढाबे के बाहर अतिक्रमण तोड़ने को कहा। वहीं पुलिस को उन्हें शांति भंग में गिरफ्तार करने के लिए कह दिया। दरअसल, प्रदेशभर में दुर्घटनाओं को रोकने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसी के तहत गुरुवार सुबह यूआईटी सेक्रेटरी पुलिस जाब्ता के साथ बाड़मेर-जैसलमेर हाईवे पर अतिक्रमण हटाने पहुंचे थे। पहले देखें, विवाद की PHOTOS… समय मांगा तो आया गुस्सा, कहा- नेतागीरी करने आया है
यूआईटी की टीम गुरुवार सुबह 11 बजे हाईवे से सटी दुकानों के अतिक्रमण को हटाने पहुंची थी। इसी लाइन में स्थानीय आरएलपी नेता हनुमान बेनीवाल का भी ढाबा है। जब यूआईटी की टीम आई तो हनुमान बेनीवाल भी वहां पहुंच गए। उन्होंने आपत्ति जताते हुए कहा कि जब 20 नंवबर तक अतिक्रमण हटाना है तो सभी को समय दिया जाना चाहिए। समय देंगे तो अतिक्रमण को हटा लिया जाएगा। इसके साथ ही कार्रवाई भी वहां से शुरू करनी चाहिए, जहां से यूआईटी की सीमा शुरू होती है। अचानक बीच में से ये कार्रवाई करना सही नहीं है। इसी बात को लेकर हनुमान बेनीवाल और यूआईटी सेक्रेटरी श्रवण सिंह राजावत के बीच तकरार हो गई। वहां मौजूद लोगों का कहना था कि हम लोग अतिक्रमण हटा रहे थे, लेकिन इसके बाद भी इसे जेसीबी से तोड़ने के लिए कहा गया। इसका विरोध जब बेनीवाल ने किया तो यूआईटी सेक्रेटरी ने आरएलपी नेता को गाली देते हुए वहां मौजूद लोगों से कहा- कौन है ये… इसको छोड़कर आओ और इसका इलाज करो। इसका कौनसा अतिक्रमण है, पहले उसे तोड़ो। यहां पर नेतागीरी करने के लिए आया है। दोनों के बीच कार्रवाई के दौरान हुई कहासुनी… यूआईटी सेक्रेटरी ने हाथ पकड़ते हुए कहा- आपका इसमें से कौनसा अतिक्रमण है? बेनीवाल- सब हमारा है…भाई है। यूआईटी सेक्रेटरी- रवाना हो जाओ यहां से, शांति भंग नहीं करोगे। बेनीवाल- शांति भंग क्या किया? यूआईटी सेक्रेटरी- इसको पकड़ लो, यहां पर नेतागीरी कर रहा है। बेनीवाल- मुझे और सभी को पकड़ लो। कौन नेतागीरी कर रहा है, मैं आपसे अतिक्रमण हटाने का समय मांग रहा हूं। यूआईटी सेक्रेटरी- आप होते कौन हो, यह कहने वाले, वह मालिक कह रहा है कि मैं हटा रहा हूं। बेनीवाल- गिरफ्तार करना है तो सबको कर लो, हमने 7 दिन का समय मांगा है। यूआईटी सेक्रेटरी- कोई टाइम नहीं है जा यहां से, सबसे पहले इसका तोड़ाे। बेनीवाल- यह भी मेरे भाई का है। यूआईटी सेक्रेटरी- आजा सबसे पहले तेरे भाई का तोड़ते हैं, हनुमान बेनीवाल का है। जेसीबी ड्राइवर को कहा तोड़ दे इसको। मैं उसको अंदर डाल दूंगा, फालतू बकवास करता है। यूआईटी सेक्रेटरी की सफाई- मैंने कुछ नहीं बोला
यूआईटी सेक्रेटरी श्रवण सिंह राजावत ने मीडिया बातचीत में कहा- NH 68 पर जालीपा रोड पर कार्रवाई की जा रही है। पूरी रोड पर जितने भी अस्थाई ढाबे हैं, तुंरत हटाए जाएंगे। स्थाई अतिक्रमण को क्रॉस लगाकर चिह्नित कर रहे हैं। दूसरे लोग हैं, जो बाहर से आए हुए हैं। वे जरूर विरोध कर रहे हैं। जब गालियां देने का सवाल पूछा तो राजावत ने कहा कि किसको दी गाली? जब उन्हें बताया गया कि वीडियो रिकॉर्ड में भी है तो वे बोले- मैंने गाली नहीं दी है। ऐसा कुछ नहीं है और ये गलत है।
