आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की दुनिया में भाषा की सटीक समझ सबसे बड़ी चुनौती मानी जाती है। इसी चुनौती को बेहतर तरीके से हल करने के लिए अब एआई कंपनियां सीधे आम लोगों की भागीदारी बढ़ा रही हैं। xAI से जुड़े आयुष जैसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए जानकारी दी है कि Grok के लिए स्थानीय भाषा बोलने वाले लोग (Native Language Speaker) की भर्ती की जा रही है, जो AI को अपनी मातृभाषा की बारीकियां सिखाएंगे।