अमेरिका के तेल भंड़ार में वृद्धि की रिपोर्ट के बाद से ही 18 मार्च को तेल की कीमतों में गिरावट देखी गई। मिडिल ईस्ट में चल रहे तनाव के कारण तेल की कीमतों को स्थिर रखने के कई प्रयास किए गए है। युद्ध की शुरुआत से पहले अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत 73 डॉलर प्रति बैरल पर थी। लेकिन युद्ध के बाद से ही तेल की कीमतों में 40 प्रतिशत से अधिक की बढ़ोतरी देखी गई है।