पूगल तहसील के करणीसर भाटियान में एनएसपीसी टाटा के सोलर प्लांट पर दो दिन से काम बंद कर खेजड़ी काटी जा रही थी। सूचना मिलने पर नायब तहसीलदार और पटवारी गुरुवार सुबह प्लांट पहुंचे तो सिक्योरिटी ने बाहर ही रोक दिया। ढाई घंटे की मशक्कत के बाद वे अंदर जा पाए। एसडीएम दिव्या बिश्नोई ने बताया कि सरकारी कार्य में रुकावट डालने पर कंपनी और उसकी सिक्योरिटी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए हैं। पूगल तहसील के करणीसर भाटियान और भानीपुरा के सोलर प्लांटों पर दो दिन में खेजड़ी के कुल 647 पेड़ काट दिए गए। पर्यावरण प्रेमियों को गुरुवार सुबह इसका पता चला। सूचना मिलने के बाद पूगल तहसील से दो अलग-अलग टीमों को सोलर प्लांटों पर भेजा गया। वन विभाग का दस्ता भी आ गया। करणीसर भाटियान में एनएसपीसी टाटा कंपनी का 300 मेगावाट का सोलर प्लांट लग रहा है। यहां पर पटवारी को कंपनी की सिक्योरिटी ने बाहर ही रोक दिया। उन्होंने एसडीएम दिव्या बिश्नोई को सूचना दी तो नायब तहसीलदार सुभाष मीणा को भेजा गया। दोनों करीब ढाई घंटे बाहर खड़े रहे। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण भी इकट्ठे हो गए। अधिकारियों को अंदर प्रवेश करने के लिए एक सोलर कंपनी का काम देख रहे रिटायर्ड तहसीलदार की मदद लेनी पड़ी। शाम को एसडीएम की सूचना पर पूगल पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। उधर, भानीपुरा में खेजड़ी के 497 पेड़ काटे गए हैं। वहां एकमे सोलर एनर्जी कंपनी ने सोलर प्लांट लगाने के लिए जमीन लीज पर ली है। नायब तहसीलदार सुभाष मीणा ने बताया कि दोनों की मौका रिपोर्ट तैयार कर एसडीएम के समक्ष पेश की जाएगी। 2 फरवरी के महापड़ाव से पहले धड़ाधड़ काटी जा रहीं खेजड़ियां खेजड़ी सहित हरे पेड़ों की कटाई के विरोध में दो फरवरी को कलेक्ट्रेट पर महापड़ाव है। पर्यावरण संघर्ष समिति के बैनर तले पश्चिमी राजस्थान के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में पर्यावरण प्रेमी पहुंचेंगे। सोलर कंपनियों को डर है कि यदि सरकार कोई सख्त कानून ले आई तो पेड़ नहीं काटे जा सकेंगे। इसलिए खेजड़ी की कटाई दिन और रात दोनों समय होने लगी है। भानीपुरा में एकमे कंपनी का प्लांट छह महीने बाद लगना है। अभी जमीन लीज पर ली जा रही है। इसी बीच दो सौ बीघा में 497 पेड़ दो दिन में काट दिए गए। कंपनी 300 मेगावाट का प्लांट लगाएगी। अब तक करीब 1200 बीघा जमीन लीज पर ली जा चुकी है। खेजड़ी की कटाई के विरोध में प्रदर्शन किया भानीपुरा और करणीसर भाटियान में सोलर प्लांट पर खेजड़ी की कटाई के विरोध में पर्यावरण प्रेमियों और ग्रामीणों ने जमकर प्रदर्शन किया। करणीसर भाटियान में तहसील प्रशासन की टीम को प्रवेश नहीं देने पर वहां भारी भीड़ जमा हो गई। जीव रक्षा सभा के अध्यक्ष मोखराम बिश्नोई, जगदीश बिश्नोई, जीआर गोदारा, लालसिंह, मांगूसिंह, पर्यावरण संघर्ष समिति के संयोजक रामगोपाल बिश्नोई सहित बड़ी संख्या में पर्यावरण प्रेमी पहुंचे और विरोध प्रदर्शन किया। मोखराम ने कहा कि राज्य वृक्ष खेजड़ी को काटना अपराध है, लेकिन सरकार और प्रशासन सोलर कंपनियों के दबाव में है। दो फरवरी को महापड़ाव में हजारों की संख्या में लोग आएंगे। सरकार को झुकने पर मजबूर कर दिया जाएगा। खेजड़ी बचाने का दिखावा कर पहले छांटते हैं, फिर काट देते हैं पेड़ करणीसर भाटियान में एनएसपीसी टाटा के सोलर प्लांट पर दिखावा करने के लिए पहले खेजड़ी के पेड़ों को छांटा गया था। एक महीने पहले खूब सारी खेजड़ी छांगी गई थी। हमें कहा गया था कि काटेंगे नहीं। दो दिन पहले काम बंद करने का बोलकर हम सभी श्रमिकों की छुट्टी कर दी। गेट पर सिक्योरिटी बैठा दी गई। किसी को अंदर नहीं जाने दिया तो शक हुआ। गुरुवार सुबह प्लांट गए तो छांगे हुए पेड़ कटे हुए नजर आए। सिक्योरिटी बाहर की कंपनी को दे रखी है। उनकी गाड़ियां गांवों में भी घूमती हैं। गाड़ियों में खतरनाक किस्म के लोग नजर आते हैं। उनके पास हथियार भी हो सकते हैं। डर के साये में रहना पड़ता है। अनजान व्यक्ति प्लांट के पास नहीं जा सकता। पुलिस को कई बार सूचना दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। “भानीपुरा और करणीसर भाटियान में दो सोलर प्लांटों पर खेजड़ी के पेड़ काटे गए हैं। करणीसर में सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने पर कंपनी और उसकी सिक्योरिटी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने के निर्देश तहसीलदार और पटवारी को दिए गए हैं।” — दिव्य बिश्नोई, एसडीएम, पूगल “एसडीएम का फोन आने पर पुलिस दल को मौके पर भेज दिया गया था। एफआईआर दर्ज कराने कोई नहीं आया।” — समरवीर सिंह, एसएचओ, पूगल
